गणतंत्र दिवस परेड के लिए जीवाजी विवि से 5 स्वयंसेवकों का चयन
जीवाजी विश्वविद्यालय में आयोजित शिविर से 75 स्वयंसेवकों ने भाग लिया, जिनमें से 5 का चयन आगरा में होने वाले संयुक्त क्षेत्रीय शिविर के लिए...

Gwalior | संवाददाता: संजय पांडेय
द क्लिफ न्यूज़ | ग्वालियर | 25 अक्टूबर 2026
जीवाजी विश्वविद्यालय के आठ जिलों से आए 75 स्वयंसेवकों ने एमिटी विश्वविद्यालय ग्वालियर में आयोजित शिविर में हिस्सा लिया, जहाँ उन्हें गणतंत्र दिवस परेड के लिए चयन प्रक्रिया के विभिन्न चरणों से गुजरना पड़ा। इस विश्वविद्यालय स्तरीय शिविर का आयोजन राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) प्रकोष्ठ द्वारा किया गया था।
चयन प्रक्रिया में स्वयंसेवकों की शारीरिक दक्षता, सांस्कृतिक कला प्रदर्शन और राष्ट्रीय सेवा योजना से संबंधित सामान्य ज्ञान का बारीकी से परीक्षण किया गया। यह शिविर भविष्य में होने वाली परेड के लिए प्रदेश का प्रतिनिधित्व करने वाले स्वयंसेवकों के चयन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव था।
क्षेत्रीय शिविर के लिए श्रेष्ठ स्वयंसेवकों का चयन
युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के उप कार्यक्रम सलाहकार डॉ. अशोक कुमार श्रोती ने इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उन्होंने उपस्थित स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए कहा कि गणतंत्र दिवस परेड में भाग लेने का अनुभव प्रत्येक स्वयंसेवक के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण और अविस्मरणीय होता है। उन्होंने इस चयन प्रक्रिया को केवल अंतिम परिणाम न मानकर, सीखने की प्रक्रिया को मजबूत करने का एक अवसर बताया।
एमिटी विश्वविद्यालय के सम कुलाधिपति लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) वी.के. शर्मा ने भी युवा स्वयंसेवकों को उनकी आगामी यात्रा के लिए शुभकामनाएं प्रेषित कीं। निर्णायक मंडल में डॉ. मनोज अवस्थी, रचना जैन और कैप्टन डॉ. समीर भार्गव शामिल थे, जिन्होंने स्वयंसेवकों के प्रदर्शन का मूल्यांकन किया।
आगरा में प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेंगे चयनित युवा
विश्वविद्यालय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले पांच सर्वश्रेष्ठ स्वयंसेवकों का चयन किया गया है। ये पांचों स्वयंसेवक अब आगरा में आयोजित होने वाले छह राज्यों के संयुक्त क्षेत्रीय शिविर में भाग लेंगे, जहाँ वे प्रदेश का प्रतिनिधित्व करेंगे। यह उनके लिए एक बड़ा अवसर है जो उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका देगा।
कार्यक्रम के समापन सत्र में डॉ. रचना कट्ठल ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया और स्मृति चिन्ह भेंट किए। डॉ. मनीष दुबे ने कार्यक्रम में सक्रिय रूप से भाग लेने वाले सभी अधिकारियों, दल प्रभारियों और स्वयंसेवकों का धन्यवाद ज्ञापन किया। इस पूरे आयोजन में कुल 104 लोगों ने प्रत्यक्ष रूप से अपनी सहभागिता निभाई।
