गन्ने का मूल्य बढ़ाने और मुआवजे की मांग, किसानों ने कमिश्नरी पर किया प्रदर्शन
बरेली में भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक ने महापंचायत आयोजित कर मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा। किसानों ने गन्ने का समर्थन मूल्य ₹500 प्रति क्विंटल करने, बेमौसम...

बरेली उत्तर प्रदेश | संवाददाता: इज़हार आलम
द क्लिफ न्यूज़ | बरेली | 4 नवंबर 2026
बरेली कमिश्नरी पर आयोजित एक विशाल किसान महापंचायत में विभिन्न ज्वलंत मुद्दों को लेकर सैकड़ों किसान एकत्रित हुए। भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक (अराजनैतिक) के बैनर तले आयोजित इस प्रदर्शन में किसानों ने अपनी मांगों को लेकर सरकार पर दबाव बनाने का प्रयास किया। युवा प्रदेश अध्यक्ष चौधरी दिगंबर सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि रोहिलखंड अध्यक्ष चौधरी अरुण सिंह राठी और जिला अध्यक्ष तेजपाल गंगवार के नेतृत्व में पदाधिकारियों ने अपर मंडल आयुक्त को मुख्यमंत्री के नाम एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा।
किसानों की सर्वप्रमुख मांग गन्ने का समर्थन मूल्य बढ़ाकर पांच सौ रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित करने की है। उनका तर्क है कि वर्तमान मूल्य उनकी उत्पादन लागत के अनुरूप नहीं है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसके अतिरिक्त, ज्ञापन में हाल ही में हुई बेमौसम बारिश से धान की फसल को हुए भारी नुकसान का उल्लेख किया गया है। किसानों ने सरकार से इस नुकसान के एवज में उचित और तत्काल मुआवजे की मांग की है, ताकि वे अपनी आर्थिक स्थिति को संभाल सकें।
बीमा भुगतान और भ्रष्टाचार पर अंकुश की मांग
महापंचायत में बीमा कंपनियों द्वारा किसानों की लंबित बीमा राशि के भुगतान में की जा रही देरी का मुद्दा भी पुरजोर तरीके से उठाया गया। किसानों ने आरोप लगाया कि बीमा कंपनियां जानबूझकर भुगतान में आनाकानी कर रही हैं, जिससे उन्हें अपनी फसल के नुकसान की भरपाई नहीं मिल पा रही है। उन्होंने बैंकों द्वारा किसानों के उत्पीड़न को तत्काल प्रभाव से बंद करने की भी मांग की, यह आरोप लगाते हुए कि बैंक अनुचित दबाव बना रहे हैं।
तहसीलों में व्याप्त भ्रष्टाचार को लेकर भी किसानों ने गहरी चिंता व्यक्त की। ज्ञापन में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि तहसीलों के स्तर पर हो रहे भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाया जाना अत्यंत आवश्यक है, ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे किसानों तक पहुंचे और उन्हें अनावश्यक दिक्कतों का सामना न करना पड़े।
आंदोलन की चेतावनी
इस प्रदर्शन में महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष डॉक्टर पूनम गंगवार, उपाध्यक्ष ठाकुर राजन सिंह, युवा क्षेत्रीय उपाध्यक्ष शेखर सिंह सहित मंडल के बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए। डॉक्टर मुदित प्रताप सिंह, सत्येंद्र गंगवार, विजेंद्र गुप्ता, दानिश अख्तर, संजीव रस्तोगी, राम लखन यादव और सैकड़ों अन्य किसानों ने एक स्वर में कृषि क्षेत्र से जुड़ी इन समस्याओं के त्वरित समाधान पर जोर दिया।
प्रशासन की ओर से अपर मंडल आयुक्त ने ज्ञापन को स्वीकार करते हुए नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया है। हालांकि, किसान नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर तत्काल ध्यान नहीं दिया गया और उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो वे अपने आंदोलन को और अधिक गति देंगे और इसे राष्ट्रीय स्तर तक ले जाने से पीछे नहीं हटेंगे।
