भोपाल: महिला नव आरक्षकों के लिए दो दिवसीय स्वास्थ्य शिविर संपन्न
भोपाल पुलिस प्रशिक्षण शाला में 19-20 सितंबर 2026 को 274 महिला नव आरक्षकों के लिए स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया। LBS अस्पताल के डॉक्टरों ने विभिन्न जांचें और परामर्श दिए।

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 21 सितंबर 2026
मध्य प्रदेश पुलिस अकादमी, भोपाल में प्रशिक्षण प्राप्त कर रही महिला नव आरक्षकों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के उद्देश्य से दो दिवसीय स्वास्थ्य शिविर का आयोजन सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह शिविर 19 और 20 सितंबर 2026 को पुलिस प्रशिक्षण शाला, भोपाल में आयोजित किया गया, जिसमें कुल 274 प्रशिक्षुओं ने हिस्सा लिया।
विशेष पुलिस महानिदेशक (प्रशिक्षण) के निर्देशों के अनुसार और उपनिदेशक, मध्य प्रदेश पुलिस अकादमी भोपाल, श्री रामजी श्रीवास्तव के मार्गदर्शन में, LBS हॉस्पिटल, भोपाल के सहयोग से इस स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि प्रशिक्षण के दौरान महिला आरक्षक किसी भी स्वास्थ्य समस्या से ग्रसित न हों और वे शारीरिक रूप से सुदृढ़ रहें।
स्वास्थ्य परीक्षण में विभिन्न जांचें शामिल
पुलिस अधीक्षक श्रीमती यास्मीन जहरा की निगरानी में आयोजित इस शिविर में LBS हॉस्पिटल भोपाल के नोडल अधिकारी श्री हरविंदर सिंह, स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. वैशाली पाठक और जनरल फिजिशियन डॉ. हारून सिद्दीकी ने प्रशिक्षुओं के स्वास्थ्य की जांच की। शिविर के दौरान प्रशिक्षुओं के ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर और ब्लड प्रोफाइल सहित अन्य आवश्यक स्वास्थ्य जांचें की गईं।
शिविर के पहले दिन, उन प्रशिक्षणार्थियों को प्राथमिकता दी गई जो लगातार स्वास्थ्य समस्याओं के कारण प्रशिक्षण में बाधा का अनुभव कर रही थीं। प्रथम दिवस 104 महिला आरक्षकों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। डॉ. वैशाली पाठक ने उन्हें आवश्यक उपचार और स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण परामर्श भी दिए।
कुल 274 प्रशिक्षुओं ने लिया शिविर का लाभ
शिविर के दूसरे दिन, शेष 170 प्रशिक्षुओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। इस प्रकार, दो दिनों में कुल 274 महिला नव आरक्षकों का व्यापक स्वास्थ्य परीक्षण संपन्न हुआ। चिकित्सकों ने न केवल शारीरिक जांच की, बल्कि प्रशिक्षुओं को स्वस्थ रहने के लिए आवश्यक सावधानियों और स्वयं के उत्तम स्वास्थ्य को बनाए रखने के तरीकों के बारे में भी मार्गदर्शन प्रदान किया।
मध्य प्रदेश पुलिस प्रशिक्षण संस्थानों में, प्रशिक्षु पुलिसकर्मियों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को प्रशिक्षण की गुणवत्ता का एक अनिवार्य अंग माना जाता है। स्वास्थ्य परीक्षण और आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श की यह व्यवस्था सुनिश्चित करती है कि प्रशिक्षु स्वस्थ और बेहतर शारीरिक क्षमता के साथ अपने प्रशिक्षण को प्रभावी ढंग से पूरा कर सकें, जो अंततः प्रदेश की कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में सहायक होगा।
