रीवा: 6 घंटे में ढाई साल की मासूम सकुशल मिली, 4 आरोपी गिरफ्तार
मध्य प्रदेश पुलिस ने रीवा से अगवा की गई ढाई साल की बालिका को 6 घंटे के भीतर सीधी से सकुशल बरामद कर लिया है। अपहरण में शामिल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 24 सितंबर 2026
मध्य प्रदेश पुलिस ने रीवा में अपहरण हुई एक ढाई वर्षीय मासूम बालिका को महज 6 घंटे के भीतर सीधी जिले से सकुशल बरामद करने में सफलता प्राप्त की है। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अपहरण और साजिश में शामिल चार आरोपियों को गिरफ्तार भी किया है। रात भर चले सघन तलाशी अभियान के बाद बालिका को उसके परिजनों को सौंप दिया गया।
घटना 23 सितंबर की रात करीब 8:30 बजे तब सामने आई जब रीवा के थाना समान में बालिका के परिजनों ने उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। घर पर मौजूद ढाई साल की बच्ची के अचानक गायब हो जाने से परिजन परेशान थे और उन्होंने आसपास हर जगह तलाशने के बाद भी उसका पता नहीं लगने पर पुलिस से संपर्क किया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल अपराध पंजीबद्ध कर जांच शुरू की।
मुखबिर तंत्र और सीसीटीवी से मिले सुराग
सूचना मिलते ही पुलिस तंत्र हरकत में आ गया। मुखबिरों को सक्रिय करने के साथ ही पुलिस ने क्षेत्र के सीसीटीवी फुटेज का बारीकी से विश्लेषण किया। तकनीकी और मैदानी स्तर पर जुटाए गए सुरागों के आधार पर पुलिस ने संदिग्धों की पहचान की। प्रारंभिक पूछताछ में यह बात सामने आई कि बालिका को आंगनवाड़ी केंद्र से एक बोरी में भरकर दोपहिया वाहन से सीधी जिले की ओर ले जाया गया था।
रात भर चला सघन तलाशी अभियान
घटना की गंभीरता को समझते हुए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर थाना समान की पुलिस टीम ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। रीवा से लगभग 100 किलोमीटर दूर सीधी जिले के शिकारगंज के आगे एक दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्र में पुलिस ने तलाशी और घेराबंदी का अभियान चलाया। रात भर चले इस सघन ऑपरेशन के दौरान पुलिस को बालिका को सकुशल ढूंढ निकालने में कामयाबी मिली।
बालिका को सुरक्षित रीवा लाकर उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है। वहीं, पुलिस ने इस अपहरण की घटना में संलिप्त चार आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है, जिनसे घटना के संबंध में गहन पूछताछ की जा रही है। मध्य प्रदेश पुलिस की यह कार्रवाई, सूचना मिलते ही त्वरित प्रतिक्रिया, तकनीकी साक्ष्यों का प्रभावी उपयोग, मैदानी स्तर पर अथक प्रयास और टीम वर्क का एक उत्कृष्ट उदाहरण है, जिसने मासूम की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी।
