जमीन विवाद में महिला को आत्महत्या के लिए उकसाने के दो आरोपी गिरफ्तार
फतेहगढ़: जमीन कब्जाने के प्रयास में महिला को आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में पुलिस ने दो आरोपियों रामस्वरूप धाकड़ और रामकुमार धाकड़ को...

फतेहगढ़ | संवाददाता: राजा हतम वेग
द क्लिफ न्यूज़ | फतेहगढ़ | 8 नवंबर 2026
फतेहगढ़ थाना पुलिस ने जमीन विवाद के चलते एक महिला को आत्महत्या के लिए प्रेरित करने के गंभीर मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इस घटना के बाद से क्षेत्र में व्यापक आक्रोश है। पुलिस अधीक्षक हितिका वासल के निर्देशन में हुई इस कार्रवाई में, मृतिका के देवर सतीश धाकड़ की शिकायत पर प्रकरण दर्ज किया गया था।
ग्राम धनोरिया निवासी सतीश धाकड़ ने अपनी शिकायत में बताया कि रामस्वरूप धाकड़, रामकुमार धाकड़ और दर्शन धाकड़ उनकी भाभी पुष्पाबाई धाकड़ को उनकी जमीन पर कब्जा करने के लिए लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे थे। आरोपियों के लगातार दबाव और जमीन कब्जाने के इरादों से परेशान होकर, पुष्पाबाई ने तीन नवंबर 2026 को जहरीला पदार्थ खा लिया था। उन्हें तत्काल स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहाँ से हालत गंभीर होने पर भोपाल रेफर किया गया। भोपाल में उपचार के दौरान सात नवंबर 2026 को उनकी मृत्यु हो गई।
जमीन कब्जाने का था मुख्य उद्देश्य
मर्ग जांच के दौरान पुलिस को यह तथ्य सामने आया कि आरोपी मृतिका की जमीन पर अवैध रूप से कब्जा जमाना चाहते थे। इसी उद्देश्य से वे पुष्पाबाई को लगातार मानसिक यातनाएं दे रहे थे। जांच में मिले साक्ष्यों के आधार पर, आठ नवंबर 2026 को फतेहगढ़ थाने में आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 108 और 3(5) के तहत आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरण का प्रकरण पंजीबद्ध किया गया।
पुलिस ने घंटों में की गिरफ्तारी
प्रकरण पंजीबद्ध होने के कुछ ही घंटों के भीतर, फतेहगढ़ थाना प्रभारी अभिषेक तिवारी के नेतृत्व वाली पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी रामस्वरूप धाकड़ और रामकुमार धाकड़ को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि फरार चल रहे तीसरे आरोपी दर्शन धाकड़ की तलाश भी तेजी से की जा रही है और उसे भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस ने मामले में सभी आवश्यक साक्ष्यों को सुरक्षित कर लिया है, ताकि दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जा सके।
