जबेरा में 'सेवा सेतु' अभियान: राज्यमंत्री ने बांटे स्वीकृति पत्र, योजनाओं का लाभ पहुंचाना लक्ष्य
दमोह के जबेरा में 'सेवा सेतु' अभियान के तहत राज्यमंत्री धर्मेंद्र सिंह लोधी ने पात्र हितग्राहियों को योजनाओं के स्वीकृति पत्र सौंपे। इस दौरान विभिन्न...

द क्लिफ न्यूज़ डेस्क | संवाददाता: अनिल राठौर
द क्लिफ न्यूज़ | दमोह | 4 अक्टूबर 2026
मध्य प्रदेश के दमोह जिले के जबेरा स्थित जनपद सभागार में 'सेवा सेतु - सरकार आपके द्वार' अभियान का आयोजन किया गया। इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में संस्कृति एवं पर्यटन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) धर्मेंद्र सिंह लोधी उपस्थित रहे। इस आयोजन का उद्देश्य शासन की विभिन्न जनहितैषी योजनाओं की जानकारी आम नागरिकों तक पहुंचाना और पात्र हितग्राहियों को सीधे लाभान्वित करना था। कार्यक्रम के दौरान, राज्यमंत्री ने विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत चयनित पात्र हितग्राहियों को स्वीकृति पत्र वितरित किए, जिससे उन्हें योजनाओं का प्रत्यक्ष लाभ मिल सका।
आयोजन में उपस्थित अधिकारियों और जन प्रतिनिधियों ने स्पष्ट किया कि यह 'सेवा सेतु' अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस के उपलक्ष्य में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर 2026 तक चलाए जा रहे 'सेवा संकल्प अभियान' का एक हिस्सा है। इस अभियान के तहत जनकल्याणकारी कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। इसका मुख्य उद्देश्य वर्ष 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के प्रधानमंत्री के दृष्टिकोण को साकार करना है, जिसके लिए यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि विकास की धारा अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।
सरकारी योजनाओं के त्वरित निराकरण पर जोर
जनपद सभागार में विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा विशेष स्टॉल लगाए गए थे। इन स्टॉल्स के माध्यम से आम नागरिकों को सरकारी योजनाओं की पात्रता के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही, नागरिकों की समस्याओं को मौके पर ही सुना गया और उनके आवेदनों का त्वरित निराकरण सुनिश्चित किया गया। इस पहल से नागरिकों को सरकारी लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया में आसानी हुई और उन्हें अपने घर के पास ही सहायता उपलब्ध हुई।
इस अवसर पर जनपद सीईओ रामेश्वर पटेल, तहसीलदार आशुतोष तिवारी, नायब तहसीलदार अटल वर्मा, परियोजना अधिकारी रिंकल घनघोरिया, बीएमओ डॉ. राहुल जैन, रूपेश सेन, अजय शुक्ला, नरेंद्र सिंह और विनोद बाजपेई सहित कई विभागीय अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे। कार्यक्रम ने स्थानीय स्तर पर शासन और प्रशासन की पहुँच को सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, जिससे सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और दक्षता बढ़ी है।
