गुना में पहुंची सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा, दिग्विजय सिंह ने सुना राहुल का भाषण
उज्जैन से अयोध्या तक निकाली जा रही सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा का गुना जिले के चाचौड़ा में भव्य स्वागत हुआ। यात्रियों ने एलईडी वैन पर...

चाचौड़ा | संवाददाता: राजा हतम वेग
द क्लिफ न्यूज़ | चाचौड़ा | 1 नवंबर 2026
पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के नेतृत्व में उज्जैन से अयोध्या तक निकाली जा रही सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा रविवार को राजगढ़ जिले की सीमाओं को पार कर गुना जिले में प्रवेश कर गई। यात्रा का पड़ाव चाचौड़ा विधानसभा क्षेत्र में रहा, जहां यात्रियों का भव्य स्वागत किया गया। इसी दौरान, दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित इंडिया गठबंधन के कार्यक्रम का सीधा प्रसारण एलईडी वैन के माध्यम से यात्रा में शामिल लोगों को दिखाया गया। दिग्विजय सिंह सहित सभी यात्रियों ने राहुल गांधी के भाषण और कार्यक्रम को ध्यानपूर्वक सुना।
रामलीला मैदान में आयोजित कार्यक्रम को यात्रा मार्ग पर दिखाने का मुख्य उद्देश्य देश भर में चंदा चोरी और वोट चोरी जैसे मुद्दों पर जागरूकता फैलाना था। सत्य सनातन स्वाभिमान यात्रा का प्रमुख लक्ष्य धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं द्वारा दिए जाने वाले दान और चढ़ावे के पारदर्शी उपयोग की वकालत करना है। इसके साथ ही, यात्रा चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता और वोट चोरी के आरोपों की निष्पक्ष जांच की मांग को भी प्रमुखता से उठा रही है।
यात्रा का मार्ग और रात्रि विश्राम
रविवार की सुबह निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार कालीपीठ से पदयात्रा का शुभारंभ हुआ। यात्रा का कारवां ग्राम बनानिया, खारपरस, भवानीपुरा, चौकी चन्दरपुरा और संवासड़ा जैसे विभिन्न क्षेत्रों से होकर गुजरा। मार्ग में ग्रामीणों ने यात्रा का गर्मजोशी से स्वागत किया और कई स्थानों पर सहभागिता भी दर्ज कराई। दोपहर में भोजन और विश्राम के पश्चात, यात्रा ने दूसरे चरण में ग्राम बड़ी मुरैली और गैला का पुरा होते हुए नयापुरा जोड़ की ओर प्रस्थान किया। यात्रा का रात्रि विश्राम गुना जिले की चाचौड़ा तहसील के नयापुरा जोड़ स्थित गौशाला में तय किया गया है।
यात्रा का उद्देश्य और पृष्ठभूमि
उल्लेखनीय है कि बीस अक्टूबर को विजयादशमी के पावन अवसर पर उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर से शुरू हुई यह करीब नौ सौ तीस किलोमीटर लंबी पदयात्रा अंततः अयोध्या स्थित श्रीराम जन्मभूमि मंदिर तक पहुंचेगी। इस यात्रा का मूल ध्येय सनातन धर्म के सत्य, न्याय, करुणा और सद्भाव के संदेश को जन-जन तक पहुंचाना है। इसके अलावा, यात्रा धार्मिक दान के उचित उपयोग और चुनावी धांधली के मामलों में निष्पक्ष जांच की मांग को प्रमुखता से उठा रही है। यात्रा के दौरान स्थानीय नागरिकों का उत्साह देखते ही बन रहा था, जो विभिन्न गांवों में शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई।
