बरेली: हरिद्वार जाने की फिराक में थे कुंडल झपटमार, पुलिस ने दबोचा
बरेली की बारादरी पुलिस ने महिला से कुंडल झपटने वाले तीन शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। हरिद्वार जाने का खर्च जुटाने के लिए रची...

बरेली उत्तर प्रदेश | संवाददाता: इज़हार आलम
द क्लिफ न्यूज़ | बरेली | 25 सितंबर 2026
बरेली की बारादरी पुलिस ने एक महिला से कानों के कुंडल झपटकर फरार हुए तीन शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। इन आरोपियों ने हरिद्वार की यात्रा का खर्च उठाने के लिए इस लूट की घटना को अंजाम दिया था। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से लूटे गए सोने के दो कुंडल, दो स्मार्टफोन, वारदात में इस्तेमाल की गई हीरो स्प्लेंडर प्लस बाइक, एक 315 बोर का अवैध तमंचा और एक जिंदा कारतूस भी बरामद किया है।
यह घटना 24 सितंबर 2026 को नवादा शेखान इलाके में हुई थी, जब रामेश्वरी देवी नाम की महिला के कानों से बाइक सवार बदमाशों ने झपट्टा मारकर कुंडल छीन लिए थे। इस संबंध में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 304(2) के तहत मामला दर्ज कर लिया था।
सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना से खुला राज
घटना के खुलासे के लिए पुलिस ने इलाके के करीब 300 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। गहन जांच और एक मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने हरुनगला भरतौल रोड से अभिषेक राठौर, अभिषेक कश्यप और नितिन मिश्रा को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की।
जेल में हुई थी मुलाकात, हरिद्वार जाने का था प्लान
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि हरिद्वार घूमने जाने के लिए पैसों की कमी के कारण उन्होंने लूट की योजना बनाई थी। गिरफ्तार आरोपियों में से अभिषेक राठौर और नितिन मिश्रा की मुलाकात पहले शाहजहांपुर जेल में हुई थी। वारदात को अंजाम देने के बाद वे लूटे गए माल को बेचने और आगे की घटनाओं को अंजाम देने की फिराक में थे, तभी पुलिस ने उन्हें दबोच लिया।
आरोपियों के खिलाफ कई मुकदमे दर्ज
पुलिस को जांच में पता चला है कि गिरफ्तार आरोपी अभिषेक राठौर के खिलाफ बरेली और शाहजहांपुर जिलों के विभिन्न थानों में हत्या सहित कई गंभीर धाराओं में पुराने मुकदमे दर्ज हैं। वहीं, नितिन मिश्रा पर भी पूर्व में कई मामले लंबित हैं। पुलिस ने अवैध तमंचे की बरामदगी के आधार पर आरोपियों के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत एक अलग से मामला दर्ज किया है। सभी गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी कर उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है। इस मामले की जांच में थाना बारादरी पुलिस और एसओजी (स्पेशल ऑपरेशन्स ग्रुप) टीम ने मिलकर काम किया।
