BREAKING
Revolutionary climate technology breakthrough announced • Championship finals draw record 150M+ viewers • Global markets surge following policy changes • New discovery in quantum computing promises faster processors
The Cliff News
National

बरेली: अस्पताल से फरार बंदी का बेटा गिरफ्तार, बुर्का उपलब्ध कराने में थी भूमिका

बरेली में महिला बंदी ममता को अस्पताल से फरार कराने में मदद करने वाले उसके बेटे विशाल को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। विशाल ने...

Few hours ago
3 मिनट में पढ़ें
संवाददाता: इज़हार आलम
बरेली: अस्पताल से फरार बंदी का बेटा गिरफ्तार, बुर्का उपलब्ध कराने में थी भूमिका

बरेली उत्तर प्रदेश | संवाददाता: इज़हार आलम

द क्लिफ न्यूज़ | बरेली | 21 सितंबर 2026

बरेली के जिला अस्पताल में उपचार के दौरान पुलिस अभिरक्षा से फरार हुई एक महिला बंदी को भागने में मदद करने वाले उसके 23 वर्षीय बेटे को कोतवाली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना 2 सितंबर 2026 को तब हुई जब महिला बंदी ममता को इलाज के लिए अस्पताल लाया गया था। गिरफ्तार किए गए बेटे, विशाल, ने पूछताछ के दौरान इस बात को स्वीकार किया है कि उसने और उसके भाई ने मिलकर अपनी मां को इस सुनियोजित तरीके से फरार कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है और फरार महिला बंदी की तलाश में जुटी हुई है।

पूरे मामले का खुलासा घटना के कई दिनों बाद हुआ, जब पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि महिला बंदी का बेटा शहर छोड़ने की फिराक में है। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए कार्रवाई की और उसे गिरफ्तार कर लिया। शुरुआती जांचों से पता चला है कि महिला बंदी ने एक विशेष योजना के तहत भागने का प्रयास किया था, जिसमें उसके बेटों की अहम भूमिका थी।

फरार होने की योजना का खुलासा

गिरफ्तार आरोपी विशाल से पूछताछ के दौरान इस सनसनीखेज मामले की परतें खुलीं। विशाल ने पुलिस को बताया कि उसकी मां, ममता, को अस्पताल में इलाज के लिए लाया गया था। उसने अपने कपड़ों के भीतर एक बुर्का छिपा रखा था। जब ममता को बाथरूम जाने की आवश्यकता हुई, तो वह वहां गई और उसी बाथरूम के अंदर उसने बुर्का पहना। बुर्का पहनने के बाद, वह आसानी से पुलिसकर्मियों को चकमा देकर अस्पताल से बाहर निकल गई और अपने साथियों के साथ फरार हो गई। विशाल ने यह भी दावा किया कि उसे अपनी मां के वर्तमान ठिकाने की कोई विशेष जानकारी नहीं है, जिससे यह प्रतीत होता है कि वे शायद अलग-अलग दिशाओं में भागे हों या फिर उसने जानबूझकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की हो। पुलिस इस दावे की सत्यता की भी जांच कर रही है।

गिरफ्तारी और आगे की कार्रवाई

घटना के बाद से ही पुलिस महिला बंदी और उसके मददगारों की तलाश में जुटी हुई थी। 21 सितंबर की सुबह, पुलिस टीम को मुखबिर से विश्वसनीय सूचना प्राप्त हुई कि आरोपी विशाल चोपुला चौराहा पुल के नीचे मौजूद है और शहर से बाहर भागने की तैयारी कर रहा है। इस सूचना पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उस क्षेत्र की घेराबंदी कर ली और सुबह करीब 9:05 बजे विशाल को सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया। प्रारंभिक पूछताछ में विशाल ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। घटना के बाद, पुलिस ने इस मामले में दर्ज मूल मुकदमे में भारतीय न्याय संहिता की धारा 262 और 263 के तहत एक नई धारा को जोड़ा है, जो फरार होने में सहायता करने से संबंधित है। गिरफ्तार आरोपी विशाल, जो तुला शेरपुर का निवासी है, को नियमानुसार आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है। इस पूरी कार्यवाही में कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक राजीव कुमार सिंह, अपराध निरीक्षक तारिक खान सहित अन्य पुलिसकर्मी सक्रिय रूप से शामिल रहे। पुलिस का अगला कदम फरार महिला बंदी ममता को गिरफ्तार करना और उसके नेटवर्क का भंडाफोड़ करना है।