आरोन में स्मार्ट मीटरों के खिलाफ नागरिक अधिकारों के लिए अभियान शुरू
आरोन नगर में स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया का विरोध तेज हो गया है। स्थानीय निवासी इसे अपनी नागरिक अधिकारों का हनन मान रहे हैं...

आरोन | संवाददाता: राजा हतम वेग
द क्लिफ न्यूज़ | आरोन | 31 अक्टूबर 2026
आरोन नगर में बिजली विभाग द्वारा पुराने मीटरों को हटाकर स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया के विरोध में स्थानीय निवासियों ने मोर्चा खोल दिया है। पिछले एक सप्ताह से विभिन्न वार्डों के नागरिकों की ओर से यह आरोप लगाया जा रहा है कि बिजली विभाग के कर्मचारी बिना किसी उचित प्रक्रिया के पुराने मीटरों को हटाकर जबरन स्मार्ट मीटर लगा रहे हैं। इस एकतरफा कार्यप्रणाली से आम उपभोक्ताओं में भारी आक्रोश और असंतोष व्याप्त है।
समाजसेवी बंटी राजपूत ने इस गंभीर स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए बताया कि उन्हें लगातार नागरिकों से शिकायतें मिल रही हैं। उन्होंने इस पूरे मामले की जानकारी स्थानीय विधायक जयवर्धन सिंह को भी दे दी है। निवासियों का कहना है कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद से कई उपभोक्ताओं को बिजली के बिलों में अप्रत्याशित वृद्धि और विभिन्न तकनीकी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति पर भी असर पड़ रहा है।
जागरूकता अभियान और अधिकारों की मांग
इस बढ़ते असंतोष और सरकारी विभाग की कथित मनमानी को देखते हुए, जागरूक नागरिकों के एक समूह ने इस मुद्दे पर जन-जागरूकता अभियान चलाने का निर्णय लिया है। आगामी दिनों में नगर के हर मोहल्ले और वार्ड में पर्चे वितरित किए जाएंगे। इन पर्चों के माध्यम से स्थानीय निवासियों को स्मार्ट मीटर लगाने की निर्धारित सरकारी प्रक्रिया, उनके उपभोक्ता अधिकारों और इस नई तकनीक से संबंधित संभावित समस्याओं के बारे में शिक्षित किया जाएगा। नागरिकों का मुख्य आग्रह है कि बिजली कंपनी को अपनी कार्यप्रणाली में अधिक पारदर्शिता और जवाबदेही लानी चाहिए।
स्थानीय निवासियों की प्रमुख मांग है कि मीटर बदलने की प्रक्रिया को उपभोक्ताओं के विश्वास में लेकर और उनकी चिंताओं का समाधान करते हुए आगे बढ़ाया जाए। इसके साथ ही, उपभोक्ताओं द्वारा दर्ज कराई गई किसी भी तकनीकी शिकायत का तत्काल और प्रभावी निराकरण सुनिश्चित किया जाना चाहिए। इस मुद्दे पर सभी जागरूक नागरिक एकजुट होकर प्रशासन से एक उचित और जनहितैषी समाधान की अपेक्षा कर रहे हैं, ताकि आम नागरिकों के अधिकारों का हनन न हो और उनकी समस्याओं का स्थायी हल निकल सके। इस अभियान को लेकर नगर में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है।
