यूपी: सीएम योगी ने पीईटी परीक्षा व कानून-व्यवस्था की समीक्षा कर दिए निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पीईटी परीक्षा के सुचारू संचालन और प्रदेश की कानून-व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को परीक्षा को...

बरेली उत्तर प्रदेश | संवाददाता: इज़हार आलम
द क्लिफ न्यूज़ | बरेली | 24 अक्टूबर 2026
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य में आयोजित होने वाली प्रारंभिक पात्रता परीक्षा (पीईटी) और प्रदेश की कानून-व्यवस्था की स्थिति पर एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आयोजित इस बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को परीक्षा को पूरी तरह से पारदर्शी, व्यवस्थित और निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराने के लिए कड़े निर्देश जारी किए।
मुख्यमंत्री ने राज्य भर के प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों से परीक्षा केंद्रों पर चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा है। उन्होंने जोर देकर कहा कि परीक्षा के दौरान शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखने के लिए अधिकारी निरंतर सतर्क रहें और व्यवस्थाओं की सतत निगरानी करें। सरकार का यह प्रयास है कि सभी अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्रों तक सुगमता से पहुंचने और बिना किसी बाधा के परीक्षा देने का अवसर मिले।
परीक्षा संचालन में पारदर्शिता और सुरक्षा
बैठक के दौरान, मुख्यमंत्री ने पीईटी परीक्षा की तैयारियों और उसमें निभाई जाने वाली प्रक्रियाओं पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे सुनिश्चित करें कि परीक्षा किसी भी प्रकार की अनियमितता या अव्यवस्था से मुक्त हो। अभ्यर्थियों के हित को सर्वोपरि रखते हुए, परीक्षा से संबंधित सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित की जाएं। स्थानीय प्रशासन ने मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुपालन में सभी आवश्यक कदम समय पर उठाने का आश्वासन दिया है।
कानून-व्यवस्था की सुदृढ़ता पर विशेष ध्यान
कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर, मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को प्रभावी कदम उठाने का आदेश दिया ताकि प्रदेश में सुरक्षा का माहौल और मजबूत हो सके। उन्होंने विशेष रूप से संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा बलों द्वारा अतिरिक्त निगरानी रखने की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि पूरे प्रदेश में शांति और व्यवस्था बनी रहे। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि कानून के शासन को बनाए रखना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
