WI ने भारत के खिलाफ रचा इतिहास, T20I में सबसे बड़ा लक्ष्य चेज़ किया
वेस्टइंडीज ने भारत के खिलाफ 250 रन का पहाड़ जैसा लक्ष्य 18.3 ओवर में हासिल कर T20I इतिहास का सबसे बड़ा चेज़ पूरा किया।
T20I इतिहास का सबसे बड़ा चेज़: वेस्टइंडीज ने भारत को 6 विकेट से हराया
द क्लिफ न्यूज़ | 10 अक्टूबर 2026 - वेस्टइंडीज ने दूसरे T20I में भारत के खिलाफ 250 रन के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए रिकॉर्ड-तोड़ प्रदर्शन किया और पांच मैचों की सीरीज़ 1-1 से बराबर कर ली। यह कैरिबियाई टीम का भारत के खिलाफ T20I में सबसे बड़ा सफल चेज़ है।
शाइ होप का ऐतिहासिक शतक, रुदरफोर्ड का तूफानी अर्धशतक
इस ऐतिहासिक जीत के हीरो शाइ होप रहे, जिन्होंने 45 गेंदों पर 102 रन की नाबाद शतकीय पारी खेली। उन्हें शेरफेन रुदरफोर्ड का शानदार साथ मिला, जिन्होंने 37 गेंदों पर 84 रन बनाए। दोनों बल्लेबाज़ों ने मिलकर महज़ 54 गेंदों पर 120 रन की मैच जिताऊ साझेदारी की।
गौतम गंभीर की ज़िम्मेदारी, बहाने नहीं
मैच में ओस की भारी मौजूदगी के बावजूद, जिसमें गेंदबाजों को गेंद पकड़ने में काफी मुश्किल हुई, भारत के हेड कोच गौतम गंभीर ने हार का ठीकरा टॉस या छूटे हुए कैच जैसे बाहरी कारकों पर नहीं फोड़ा। उन्होंने छह विकेट से मिली हार की पूरी ज़िम्मेदारी टीम पर डाली कि वे 249 रन के विशाल स्कोर का बचाव करने में नाकाम रहे।
गंभीर ने स्पष्ट रूप से कहा, "मैं किसी को या किसी भी चीज़ को दोषी नहीं ठहराता। निचली रेखा यह है कि हम 250 रन का बचाव नहीं कर सके। उन्होंने बहुत अच्छी बल्लेबाजी की और वे जीतने के हकदार थे।"
उन्होंने टीम की ज़रूरत पर ज़ोर दिया कि उन्हें बड़ा स्कोर डिफेंड करने के तरीके खोजने होंगे, खासकर वेस्टइंडीज जैसी मज़बूत T20 टीमों के खिलाफ। यह स्वीकार करते हुए कि टॉस नियंत्रण से बाहर है और कैच छूटना खेल का हिस्सा है, गंभीर ने कहा कि इन्हें हार के बहाने के तौर पर इस्तेमाल नहीं किया जा सकता।
रांची में रनों का अंबार, भारत ने रचा इतिहास
रांची में खेले गए इस मैच में भारत ने वेस्टइंडीज के खिलाफ अपना अब तक का सबसे बड़ा T20I स्कोर 249/5 दर्ज किया। संजू सैमसन ने 82 रन की शानदार पारी खेली, जिसका साथ श्रेयस अय्यर (18 गेंदों पर 40 रन) और तिलक वर्मा (18 गेंदों पर नाबाद 44 रन) की तेज़तर्रार पारियों ने दिया। सैमसन और ईशान किशन (22 गेंदों पर 43 रन) के बीच दूसरे विकेट के लिए 97 रन की साझेदारी ने मज़बूत नींव रखी।
भारतीय गेंदबाजों का संघर्ष, ओस बनी बाधा
हालांकि, भारतीय गेंदबाज वेस्टइंडीज के तूफ़ान को रोकने में संघर्ष करते रहे, खासकर ओस के कारण गेंद पर पकड़ बनाने में मुश्किल हो रही थी। मैच का एक अहम मोड़ तब आया जब मयंक यादव ने रुदरफोर्ड के 38 रन पर कैच छोड़ दिया, जो अंततः महंगा साबित हुआ।
मयंक यादव की तेज़ शुरुआत, पर जीत के लिए काफी नहीं
युवा तेज़ गेंदबाज़ मयंक यादव ने 140 किमी/घंटा से अधिक की रफ़्तार से गेंदबाज़ी कर भारत को शुरुआती तेज़ी दी। उन्होंने पहले ही ओवर में कामिल पूरन और शिमरोन हेटमायर को लगातार गेंदों पर आउट किया। यादव ने रोवमैन पॉवेल को 149 किमी/घंटा की रफ़्तार से बोल्ड करके प्रभावित किया।
गंभीर ने चेताया, "एक तेज गेंदबाज को तेज ही गेंदबाजी करनी चाहिए। वह धीमा गेंदबाज नहीं है। यदि आप 150 किमी/घंटा पर गेंदबाजी कर सकते हैं, तो 150 पर करें। जब आप तेज गेंदबाज के रूप में खेल रहे होते हैं, तो यह आपका कर्तव्य है कि आप एक तेज गेंदबाज की तरह तेज गेंदबाजी करें।"
संतुलित खेल की वकालत
पिच की स्थिति पर पूछे जाने पर, गंभीर ने बल्ले और गेंद के बीच एक संतुलित मुकाबले की इच्छा जताई। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि जहाँ दर्शक विस्फोटक हिटिंग का आनंद लेते हैं, वहीं गेंदबाजों को भी एक समान अवसर मिलना चाहिए।
होप और रुदरफोर्ड का दमदार प्रदर्शन
वेस्टइंडीज की जीत की नींव शाइ होप और शेरफेन रुदरफोर्ड की असाधारण बल्लेबाजी पर रखी गई। होप का शतक 6 चौकों और 9 छक्कों से सजी T20 बल्लेबाज़ी का एक मास्टरक्लास था। रुदरफोर्ड ने 7 चौकों और 7 छक्कों की मदद से 84 रन की आक्रामक पारी खेलकर तेज़ी प्रदान की।
होप और रुदरफोर्ड की साझेदारी ने मैच का रुख मोड़ दिया और शुरुआती झटकों के बावजूद भारतीय गेंदबाजी आक्रमण को ध्वस्त कर दिया। ओस से लथपथ मैदान पर, खासकर स्पिनरों के खिलाफ, इस जोड़ी के निडर रवैये ने वेस्टइंडीज की मज़बूत बल्लेबाज़ी लाइनअप का प्रदर्शन किया। रोमारियो शेफर्ड ने अंत में 13 गेंदों पर 34 रन की ताबड़तोड़ पारी खेलकर जीत पक्की कर दी।
