त्योहारी सीजन: मप्र पुलिस का एक्शन, वारंटियों और गुंडों पर बड़ी कार्रवाई
मध्य प्रदेश पुलिस ने आगामी त्योहारों के मद्देनजर कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सघन कॉम्बिंग गश्त, वारंटियों की धरपकड़ और गुंडा-बदमाशों की चेकिंग अभियान चलाया है।

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 12 सितंबर 2026
आगामी त्योहारों को देखते हुए मध्य प्रदेश पुलिस ने प्रदेश में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा को अभेद्य बनाने के उद्देश्य से कमर कस ली है। पुलिस मुख्यालय, भोपाल से प्राप्त जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ दिनों में प्रदेश के विभिन्न जिलों में व्यापक स्तर पर कॉम्बिंग गश्त, फरार एवं वारंटियों की धरपकड़, गुंडा-बदमाशों की सघन चेकिंग, अवैध गतिविधियों के विरुद्ध कार्रवाई के साथ-साथ बलवा नियंत्रण और आपदा प्रबंधन से संबंधित तैयारियों का भी प्रभावी अभ्यास किया गया है। यह बहुआयामी अभियान त्योहारों के दौरान प्रदेश में शांति और सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
पुलिस द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान का मुख्य उद्देश्य अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर नकेल कसना तथा आम जनता में सुरक्षा की भावना को सुदृढ़ करना है। इसके तहत, पुराने मामलों में वांछित अभियुक्तों, विशेषकर स्थायी वारंटियों और गिरफ्तारी वारंटियों को गिरफ्तार करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। साथ ही, उन गुंडा-बदमाशों और निगरानीशुदा बदमाशों के विरुद्ध भी कड़ी कार्रवाई की जा रही है, जो आपराधिक गतिविधियों में लिप्त हो सकते हैं।
विभिन्न जिलों में सघन अभियान
पुलिस की इस ताबड़तोड़ कार्रवाई में इंदौर, कटनी, दतिया, दमोह, खरगोन, मुरैना और ग्वालियर जैसे प्रमुख जिलों की सक्रिय भागीदारी देखी गई है। इन जिलों में चलाए गए अभियानों के दौरान बड़ी संख्या में वारंटियों और आदतन अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है।
इंदौर के थाना द्वारकापुरी में, जोन-4 पुलिस ने आगामी त्योहारों के मद्देनजर निगरानी बदमाशों को थाने बुलाकर उनकी परेड कराई। इस दौरान उनके डोजियर अपडेट किए गए, उनसे अपराध से दूर रहने की शपथ दिलाई गई तथा आवश्यक नोटिस तामील कराए गए। कटनी पुलिस ने रात्रिकालीन कॉम्बिंग गश्त के दौरान 182 आरोपियों को पकड़ा, जिनमें 20 स्थायी वारंटी और 69 गिरफ्तारी वारंटी शामिल थे। इसके अतिरिक्त, 42 गुंडों और 44 निगरानी बदमाशों की भी चेकिंग की गई। साथ ही, 37 जमानती वारंट और 51 समंस की तामील की गई, जो उनकी कार्यकुशलता को दर्शाता है।
दतिया पुलिस ने मध्यरात्रि में पूरे जिले में सघन कॉम्बिंग गश्त चलाकर फरार वारंटियों और अपराधियों की धरपकड़ की। इस कार्रवाई में 07 स्थायी वारंटियों को गिरफ्तार किया गया और 53 गिरफ्तारी वारंट तामील करवाए गए। यह दर्शाता है कि पुलिस किसी भी समय और स्थान पर कार्रवाई करने में सक्षम है। साथ ही, 65 हिस्ट्रीशीटर और 90 गुंडा-बदमाशों की सघन चेकिंग की गई, जिससे असामाजिक तत्वों में भय का माहौल बना।
दमोह जिले में भी रात में जिले के सभी थानों में एक साथ सघन कॉम्बिंग गश्त की गई। इस कार्रवाई में 22 स्थायी और 36 गिरफ्तारी वारंट सहित कुल 58 वारंटी गिरफ्तार किए गए। इसके अतिरिक्त, भरण-पोषण संबंधी 01 स्थायी और 08 गिरफ्तारी वारंट भी तामील किए गए, जो पारिवारिक न्याय सुनिश्चित करने की दिशा में पुलिस के प्रयासों को उजागर करता है। 57 गुंडा और 27 निगरानी बदमाशों की चेकिंग की गई। अवैध शराब के 29 प्रकरण, जुआ-सट्टा के 03 तथा अवैध हथियार का 01 प्रकरण दर्ज किया गया। इन आंकड़ों से स्पष्ट होता है कि पुलिस ने विभिन्न प्रकार के अपराधों पर भी पैनी नजर रखी है। असामाजिक तत्वों के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की गई, जिससे सामाजिक सौहार्द बना रहे।
खरगोन पुलिस ने रात 12 बजे से सुबह 5 बजे तक जिले के सभी थाना एवं चौकी क्षेत्रों में प्रभावी कॉम्बिंग गश्त की। इस कार्रवाई में 83 गिरफ्तारी वारंटी, 15 स्थायी वारंटी एवं 02 वांछित आरोपी गिरफ्तार किए गए। यह संख्या बताती है कि खरगोन जिले में वांछित अपराधियों की संख्या अधिक थी, लेकिन पुलिस ने प्रभावी ढंग से उन्हें पकड़ा। साथ ही, 99 सूचीबद्ध गुंडों और 56 निगरानी बदमाशों के घरों पर भी औचक चेकिंग की गई। थाना प्रभारियों द्वारा हवालात निरीक्षण एवं क्षेत्रीय निगरानी भी की गई, जो व्यवस्थाओं को चाक-चौबंद रखने का प्रतीक है।
मुरैना जिला पुलिस ने वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति एवं निर्देशन में विशेष कांबिंग गश्त का संचालन किया। रातभर चली इस कार्रवाई के दौरान विभिन्न आपराधिक मामलों में वांछित करीब 281 स्थायी/गिरफ्तारी वारंटियों एवं आरोपियों की धरपकड़ की गई। यह एक बड़ी संख्या है जो मुरैना में कानून-व्यवस्था की स्थिति को दर्शाती है, लेकिन साथ ही पुलिस की सक्रियता को भी रेखांकित करती है। साथ ही, 69 हिस्ट्रीशीटर/गुंडों और 21 जिलाबदर आरोपियों को चैक किया गया, जिससे उनकी गतिविधियों पर नियंत्रण रखा जा सके।
ग्वालियर जिले में, शहर एवं देहात क्षेत्रों में व्यापक कॉम्बिंग गश्त की गई। कार्रवाई के दौरान विभिन्न आपराधिक मामलों में फरार 203 वारंटियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें 104 स्थायी एवं 99 गिरफ्तारी वारंट तामील किए गए। यह आंकड़ा ग्वालियर क्षेत्र में पुलिस की विस्तृत पहुंच और कार्यप्रणाली को दर्शाता है। कॉम्बिंग गश्त के दौरान अवैध शराब, जुआ एवं हथियार संबंधी प्रकरण दर्ज किए गए तथा गांजा भी जप्त किया गया। इसके अलावा, संदिग्ध वाहनों, होटल-लॉज एवं संवेदनशील क्षेत्रों में सघन चेकिंग कर संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी रखी गई, जिससे किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोका जा सके।
आपदा प्रबंधन और बलवा नियंत्रण का अभ्यास
कानून-व्यवस्था की तैयारियों को पुख्ता करने के लिए, विदिशा पुलिस लाइन में एक विशेष बलवा ड्रिल का आयोजन किया गया। इस मॉक ड्रिल में, पुलिस बल ने भीड़ नियंत्रण, दंगा-रोधी कार्रवाई, अश्रु गैस, वाटर कैनन का उपयोग, बैरिकेडिंग, प्राथमिक उपचार और आपदा प्रबंधन जैसी विभिन्न परिस्थितियों से निपटने का अभ्यास किया। यह अभ्यास सुनिश्चित करता है कि आपातकालीन परिस्थितियों में पुलिस बल प्रभावी ढंग से प्रतिक्रिया कर सके। अभ्यास के दौरान पुलिसकर्मियों ने संयम, अनुशासन, त्वरित निर्णय लेने की क्षमता और आपसी समन्वय का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया, जो उनकी पेशेवर दक्षता को दर्शाता है। यह अभ्यास आगामी त्योहारों के दौरान संभावित भीड़-भाड़ वाले आयोजनों में व्यवस्था बनाए रखने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
मध्यप्रदेश पुलिस का यह सघन अभियान दर्शाता है कि वे आगामी त्योहारों के दौरान प्रदेश में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं। अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर लगातार निगरानी, प्रभावी गश्त और आकस्मिक परिस्थितियों से निपटने के लिए यह तैयारियां अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। इन प्रयासों से प्रदेशवासियों में सुरक्षा की भावना बढ़ेगी और त्योहारों का माहौल सौहार्दपूर्ण बना रहेगा।
