तीन साल की उपेक्षा के बाद, गुना के नागरिकों ने चंदा जुटाकर खुद बनाई पुलिया
गुना में सरकारी अनदेखी के चलते गोपालपुरा के निवासियों ने तीन साल की उपेक्षा के बाद चंदा जुटाकर नहर पर पुलिया बनाई, जो भगतसिंह कॉलोनी...

गुना | संवाददाता: राजा हतम वेग
द क्लिफ न्यूज़ | गुना | 18 अक्टूबर 2026
गुना शहर में विकास के दावों के बीच एक ऐसा मामला सामने आया है, जो सरकारी तंत्र की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है। गोपालपुरा क्षेत्र के निवासियों ने तीन वर्षों से लगातार की जा रही मांगों के अनसुनी होने के बाद, स्वयं चंदा जुटाकर नहर पर एक महत्वपूर्ण पुलिया का निर्माण कार्य पूरा कर लिया है। यह पुलिया भगतसिंह कॉलोनी और गोपालपुरा को जोड़ती है, और इसके अभाव में स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
स्थानीय लोगों के अनुसार, वे पिछले तीन वर्षों से नाली और पुलिया निर्माण की मांग को लेकर नगरपालिका कार्यालय से लेकर मुख्यमंत्री हेल्पलाइन तक लगातार गुहार लगा रहे थे। कई बार अधिकारियों से संपर्क करने और कार्यालयों के चक्कर काटने के बावजूद उनकी समस्याओं पर कोई ध्यान नहीं दिया गया। सरकारी मदद की कोई उम्मीद न देखकर, अंततः गोपालपुरा और भगतसिंह कॉलोनी के निवासियों ने सामूहिक रूप से चंदा एकत्रित करने का फैसला किया।
जनसहयोग से विकास की मिसाल
सभी नागरिकों ने मिलकर श्रमदान और आर्थिक सहयोग से इस पुलिया के निर्माण को संभव बनाया। यह नवनिर्मित पुलिया भगतसिंह कॉलोनी और गोपालपुरा के बीच स्थित पुरानी नहर पर बनी है और यह मार्ग न केवल स्थानीय निवासियों के लिए, बल्कि लोडिंग वाहनों के लिए भी आवागमन का एक अहम जरिया है। विशेष रूप से, मुख्य सड़कों पर ट्रैफिक जाम की स्थिति में यह मार्ग एक महत्वपूर्ण वैकल्पिक मार्ग के रूप में कार्य करता है।
इस परियोजना में स्थानीय प्रशासन की ओर से पूरी तरह से उपेक्षा देखी गई, जिसने इस महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे की आवश्यकता पर कभी ध्यान नहीं दिया। यह पहली बार नहीं है जब गुना में नागरिकों ने अपने खर्च पर इस तरह के विकास कार्यों को अंजाम दिया हो। इससे पहले, लूशन बगीचा और फुलवारी कॉलोनी के निवासी भी इसी तरह जनसहयोग से अपने क्षेत्रों में विकास कार्य करा चुके हैं। इस घटना ने स्थानीय नागरिकों में प्रशासन के प्रति गहरा असंतोष और रोष पैदा कर दिया है।
