BREAKING
Revolutionary climate technology breakthrough announced • Championship finals draw record 150M+ viewers • Global markets surge following policy changes • New discovery in quantum computing promises faster processors
The Cliff News
State

सीएम डॉ. यादव ने पुलिस स्मृति दिवस पर शहीदों को किया नमन, परिजनों को ढांढस

भोपाल में पुलिस स्मृति दिवस पर आयोजित राज्य स्तरीय श्रद्धांजलि कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कर्तव्य निर्वहन के दौरान शहीद हुए पुलिसकर्मियों को श्रद्धासुमन अर्पित किए। उन्होंने परिजनों से मुलाकात कर उन्हें आर्थिक सहायता राशि के नए नियमों की जानकारी दी।

Few mins ago
4 मिनट में पढ़ें
सीएम डॉ. यादव ने पुलिस स्मृति दिवस पर शहीदों को किया नमन, परिजनों को ढांढस

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 21 अक्टूबर 2026

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर भोपाल के लाल परेड मैदान स्थित शहीद स्मारक प्रांगण में आयोजित राज्य स्तरीय श्रद्धांजलि कार्यक्रम में देश की आंतरिक सुरक्षा और कानून व्यवस्था की रक्षा में अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले पुलिस कर्मियों को श्रद्धा-सुमन अर्पित किए। उन्होंने शहीद स्मारक पर पुष्प-चक्र अर्पित कर परेड से सलामी ली और वीरगति प्राप्त पुलिसकर्मियों के परिजनों से भेंट कर उन्हें सांत्वना दी।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अपने संबोधन में कहा कि पुलिस और सशस्त्र बलों का समाज में विशेष महत्व है। उन्होंने कहा कि भारत का लोकतंत्र आज जिस तरह सुरक्षित और सशक्त है, उसमें हमारे सशस्त्र बलों और पुलिस बल की भूमिका सर्वोपरि है। राष्ट्र की एकता, अखंडता और आंतरिक सुरक्षा के प्रति उनका समर्पण हम सबके लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने देश की सुरक्षा में दिन-रात जुटे सभी पुलिसकर्मियों एवं सशस्त्र बलों के जवानों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की।

नक्सलवाद से मुक्ति: मध्यप्रदेश की बड़ी उपलब्धि

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस बात पर जोर दिया कि मध्यप्रदेश 35 वर्ष पुराने नक्सलवाद के दंश से पूरी तरह मुक्त हो चुका है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के बहादुर जवानों ने अत्यंत कठिन परिस्थितियों का सामना करते हुए नक्सलवाद को जड़ से समाप्त किया है। यह प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के नेतृत्व में संभव हुआ है, जिसके लिए मध्यप्रदेश देश में पहला राज्य बना है। यह प्रदेश के लिए अत्यंत गौरव की बात है।

पुलिसकर्मियों के कल्याण के लिए सरकार की पहल

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि राज्य सरकार पुलिस जवानों और उनके परिवारों के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने घोषणा की कि अब शहीद होने वाले पुलिस जवानों को दी जाने वाली 1 करोड़ रुपये की राशि में से 50 प्रतिशत राशि उनकी पत्नी को और 50 प्रतिशत राशि उनके बुजुर्ग माता-पिता को दी जाएगी। इसके अतिरिक्त, पुलिस विभाग में नई भर्ती, पदोन्नति और सभी आवश्यक सुविधाओं का भी ध्यान रखा जा रहा है। उन्होंने इस बात की भी सराहना की कि मध्यप्रदेश पुलिस ने अपने परिश्रम और समर्पण से राज्य की साख को बढ़ाया है। उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा लागू किए गए नए आपराधिक कानूनों के अनुसार प्रदेश में व्यवस्थाएं तैयार किए जाने की जानकारी दी और साइबर अपराध जैसी नई चुनौतियों का मिलकर सामना करने का आश्वासन दिया। युवाओं को अवसर प्रदान करने के लिए पुलिस बैंड सहित अन्य पदों पर नई भर्तियां की जा रही हैं।

शहीदों का स्मरण और पुलिस की भूमिका

पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाना ने अपने उद्बोधन में कर्तव्य निर्वहन के दौरान प्राणों का बलिदान करने वाले वीर पुलिसकर्मियों को स्मरण किया। उन्होंने बताया कि इस वर्ष मध्यप्रदेश पुलिस के 9 पुलिसकर्मियों और अधिकारियों ने अपने प्राणों का उत्सर्ग किया है, जबकि पूरे राष्ट्र के 154 अधिकारी-कर्मचारियों के नाम इस वर्ष की स्मृति दिवस सूची में शामिल हैं। उन्होंने कहा कि ये शहीद परिवार वृहद पुलिस परिवार का हिस्सा हैं और इनका ध्यान रखना प्रदेश सरकार की नैतिक जिम्मेदारी है। श्री मकवाना ने बताया कि वर्ष 2025 में नक्सल अभियानों के दृष्टिकोण से विशेष रूप से महत्वपूर्ण रहा, जहाँ मानसून में भी नक्सल विरोधी अभियान जारी रहे और सर्वाधिक मुठभेड़ व आत्मसमर्पण हुए। इसी वर्ष 110 पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों को आउट-ऑफ-टर्न प्रमोशन भी दिए गए।

नई चुनौतियां और पुलिस की तैयारी

पुलिस महानिदेशक श्री मकवाना ने साइबर अपराध, नारकोटिक्स और डिजिटल-सोशल मीडिया जैसी नई चुनौतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस नई तकनीक और प्रशिक्षण के माध्यम से इन चुनौतियों का सामना करने के लिए पूरी तरह से तैयार है। उन्होंने 'नशे से दूरी है जरूरी' और 'सेफ क्लिक' जैसे जन जागरूकता अभियानों का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा अब तक 18 हजार से अधिक रिक्त पदों पर भर्ती की जा चुकी है और सिंहस्थ-2028 के लिए सुरक्षा व्यवस्था से जुड़ी तैयारियां भी युद्धस्तर पर चल रही हैं, जिसमें सुरक्षा में तकनीक पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

श्रद्धांजलि कार्यक्रम में जिला पुलिस बल, विशेष सशस्त्र बल, होमगार्ड, पाल-बेयरर पार्टी, कलर पार्टी, पुलिस बैंड, अश्वारोही दल और श्वान दल की टुकड़ियों ने भाग लिया। पुलिस बैंड की देशभक्ति से ओतप्रोत धुनों के बीच शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस अवसर पर सम्पूर्ण भारत में सितंबर 2025 से अगस्त 2026 तक कर्तव्य की वेदी पर वीरगति को प्राप्त हुए पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों की नामावली का वाचन भी किया गया।

संबंधित समाचार