सांची हत्याकांड का खुलासा: एकतरफा प्रेम में पहचान की भूल से व्यापारी की हत्या
रायसेन जिले के सांची में हार्डवेयर व्यापारी राकेश लोधी की हत्या का 48 घंटे में खुलासा हुआ है। पुलिस ने मुख्य आरोपी सहित दो और...

द क्लिफ न्यूज़ | रायसेन | 29 जुलाई 2026
रायसेन जिले के सांची थाना क्षेत्र में 25 जुलाई की रात हुई हार्डवेयर व्यवसायी राकेश लोधी की हत्या का पुलिस ने 48 घंटे के भीतर पर्दाफाश कर दिया है। इस सनसनीखेज मामले में पुलिस ने मुख्य साजिशकर्ता सहित दो आरोपियों और एक विधि-विरुद्ध बालक को गिरफ्तार किया है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह हत्या एकतरफा प्रेम और पहचान की भूल का परिणाम थी, जिसमें बदमाशों का मुख्य निशाना मृतक का भाई भगवानदास लोधी था।
घटना 25 जुलाई 2026 की रात करीब 9:40 बजे तब हुई जब राकेश लोधी अपने भाई बबलेश लोधी के साथ अपनी हार्डवेयर दुकान बंद कर बाइक से गांव मेड़की लौट रहे थे। इसी दौरान सलामतपुर चौराहा के पास पहले से घात लगाए बैठे हमलावरों ने उनकी बाइक रोकी और धारदार तलवारों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में राकेश लोधी को गंभीर चोटें आईं और मौके पर ही उनकी मृत्यु हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गए थे।
पहचान की भूल और एकतरफा प्रेम की कहानी
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक आशुतोष गुप्ता के निर्देश पर एक विशेष जांच टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल का बारीकी से मुआयना किया, सीसीटीवी फुटेज खंगाले, तकनीकी साक्ष्य जुटाए और मुखबिरों की मदद से संदिग्धों की पहचान की। पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी गोलू उर्फ धीरेन्द्र पाल ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उसने बताया कि उसका मृतक के भाई भगवानदास लोधी की पत्नी से एकतरफा प्रेम था।
आरोपी ने बताया कि भगवानदास के अपनी पत्नी से विवाह हो जाने के बाद से वह रंजिश रखने लगा और भगवानदास की हत्या की योजना बनाई। इसी योजना के तहत, अपने साथियों के साथ मिलकर उसने भगवानदास पर हमला करने के लिए घात लगाई थी। लेकिन अंधेरे और पहचान की भूल के चलते, उन्होंने भगवानदास की जगह उनके भाई राकेश लोधी पर हमला कर दिया, जिसकी तलवार के वार से मौके पर ही मौत हो गई।
पुलिसिया कार्रवाई और बरामदगी
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त तलवार सहित अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य भी बरामद कर लिए हैं। मुख्य साजिशकर्ता गोलू उर्फ धीरेन्द्र पाल और उसके साथी बाबू उर्फ प्रिंसराज के खिलाफ हत्या और आपराधिक षड्यंत्र की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। वहीं, विधि-विरुद्ध बालक के विरुद्ध किशोर न्याय अधिनियम के तहत आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की विवेचना जारी है और आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर अन्य संभावित पहलुओं की भी गहन जांच की जा रही है। 48 घंटे के भीतर इस ब्लाइंड मर्डर का खुलासा पुलिस के लिए एक बड़ी सफलता मानी जा रही है।
