सामाजिक भेदभाव और राहुल गांधी के खिलाफ FIR: कांग्रेस का बलरामपुर में धरना
बलरामपुर में कांग्रेस ने हल्द्वानी में कथित जातिवादी ‘शुद्धिकरण अनुष्ठान’ व राहुल गांधी के खिलाफ FIR के विरोध में धरना दिया। नेताओं ने संवैधानिक मूल्यों के अपमान पर चिंता जताई।

द क्लिफ न्यूज़ | बलरामपुर | 31 अगस्त 2026
अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस कमेटी के आह्वान पर जिला कांग्रेस कमेटी, बलरामपुर ने सोमवार को अम्बेडकर चौराहा पर जिला अध्यक्ष शिवलाल कोरी के नेतृत्व में एक धरना-प्रदर्शन आयोजित किया। इस प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य हल्द्वानी में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के बाद भाजपा और आरएसएस कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए कथित जातिवादी “शुद्धिकरण अनुष्ठान” तथा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी जी के विरुद्ध दर्ज FIR का विरोध करना था।
कांग्रेस नेताओं ने इस अवसर पर संवैधानिक मूल्यों के कथित अपमान पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि हल्द्वानी पुलिस द्वारा राहुल गांधी जी के विरुद्ध FIR दर्ज किया जाना, संवैधानिक मर्यादाओं और सामाजिक न्याय के सिद्धांतों पर गंभीर सवाल खड़े करता है। नेताओं का मानना है कि ऐसे मामलों में संवैधानिक मूल्यों का उल्लंघन करने वालों पर कार्रवाई के बजाय, विपक्षी नेता के खिलाफ FIR दर्ज करना लोकतांत्रिक प्रक्रिया के लिए चिंताजनक है।
जातिगत भेदभाव पर कांग्रेस का रुख
जिला अध्यक्ष शिवलाल कोरी ने अपने संबोधन में स्पष्ट किया कि जाति के आधार पर किसी भी व्यक्ति के साथ भेदभाव संविधान की मूल भावना के विरुद्ध है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि ऐसे संवेदनशील मामलों में निष्पक्ष और त्वरित कार्रवाई होनी चाहिए। कोरी ने राहुल गांधी के खिलाफ FIR को लोकतांत्रिक मूल्यों और सामाजिक न्याय की अवधारणा पर एक बड़ा प्रश्नचिह्न बताया।
पूर्व ब्लॉक प्रमुख और AICC सदस्य राज बहादुर यादव ने कहा कि भारत का संविधान प्रत्येक नागरिक को समानता और सम्मान का अधिकार प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस हमेशा से जातिवादी मानसिकता के खिलाफ मुखर रही है और सामाजिक न्याय तथा संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए पार्टी कार्यकर्ता एकजुट होकर संघर्ष करते रहेंगे।
लोकतंत्र में असहमति का स्थान
पूर्व जिला अध्यक्ष अनुज सिंह ने इस बात पर बल दिया कि लोकतंत्र में असहमति की आवाज़ को दबाया नहीं जाना चाहिए, बल्कि जनहित के मुद्दों पर सरकार की जवाबदेही तय होनी चाहिए। उन्होंने कथित “शुद्धिकरण अनुष्ठान” की कड़ी निंदा की और कहा कि सामाजिक सौहार्द तथा संविधान की रक्षा के लिए इस प्रकार की मानसिकता का पुरजोर विरोध करना आवश्यक है।
इस धरना-प्रदर्शन में डॉ. पंकज गुप्ता, अवधेश पाल सिंह, डॉ. खलीउल्लाह, सियाराम प्रधान, अफरोज खान, इबरार अहमद, संतोष पाण्डे, अमेरिका कुरील, मो० जमील, धर्मेंद्र मिश्रा, विजय उपाध्याय, सुशील शुक्ला और गुजराती सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
