सकतपुर हनुमान मंदिर में दुस्साहसिक चोरी, दानपेटी और पूजा सामग्री ले उड़े चोर
गुना के सकतपुर हनुमान मंदिर में चोरों ने ताला तोड़ दानपेटी, पीतल के घंटे व पूजा सामग्री चुराई। इस घटना से श्रद्धालुओं में रोष है। पुलिस जांच कर रही है।

द क्लिफ न्यूज़ | गुना | 20 अगस्त 2026
जिला मुख्यालय से सटे ग्राम सकतपुर में स्थित प्रसिद्ध हनुमान मंदिर बीती रात चोरों के निशाने पर आ गया। अज्ञात बदमाशों ने मंदिर के मुख्य द्वार का ताला तोड़कर न केवल दानपेटी, बल्कि पूजा-अर्चना में इस्तेमाल होने वाली बेशकीमती पीतल और तांबे की सामग्री, यहां तक कि पीतल के घंटे भी उड़ा ले गए। इस दुस्साहसिक चोरी की घटना ने क्षेत्र के श्रद्धालुओं और ग्रामीणों में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है।
यह घटना गुरुवार की सुबह तब प्रकाश में आई जब नियमित पुजारी पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचे। उन्होंने पाया कि मुख्य द्वार के ताले टूटे हुए थे। अंदर जाने पर उन्होंने देखा कि दानपेटी अपने स्थान पर नहीं थी और गर्भगृह में रखी कई पूजा सामग्री भी गायब थी। इस चोरी की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और श्रद्धालु मंदिर परिसर में एकत्र हो गए, जिससे स्थिति की गंभीरता का पता चला।
चोरों ने दानपेटी के साथ कीमती धातु की सामग्री भी बटोरी
चोरों ने केवल दानपेटी को ही अपना लक्ष्य नहीं बनाया, बल्कि उन्होंने मंदिर में स्थापित दो बड़े पीतल के घंटे, आरती के दीपक, झालर और अन्य तांबे-पीतल के पूजा पात्रों पर भी हाथ साफ कर दिया। यह सामग्री न केवल धार्मिक महत्व रखती है, बल्कि अपने आप में मूल्यवान भी है। प्राथमिक अनुमानों के अनुसार, चोरी गए सामान और दानपेटी में मौजूद नकदी को मिलाकर कुल संपत्ति का नुकसान लगभग 12 से 15 हजार रुपये आंका गया है। हालांकि, चोरी का वास्तविक और अंतिम आंकलन पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।
श्रद्धालुओं में रोष, सुरक्षा पर उठाए सवाल
धार्मिक स्थल में हुई इस तरह की चोरी की घटना ने श्रद्धालुओं के बीच तीव्र नाराजगी को जन्म दिया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि मंदिर में रात के समय पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था का अभाव है, जिसने चोरों को आसानी से इस वारदात को अंजाम देने का मौका दिया। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए चोरों को जल्द से जल्द पकड़ने और चुराए गए सामान को बरामद करने की पुरजोर मांग की है।
कैंट थाना पुलिस ने शुरू की जांच, CCTV फुटेज खंगालने के प्रयास
घटना की सूचना मिलते ही, पीड़ित पुजारी ने कैंट थाना पुलिस में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने तत्काल हरकत में आते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है। मंदिर परिसर और उसके आसपास के क्षेत्रों में संदिग्ध गतिविधियों का पता लगाने के लिए गहन पड़ताल की जा रही है। पुलिस वारदात को अंजाम देने वाले एक से अधिक अपराधियों की भूमिका की भी जांच कर रही है। इसके लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं, ताकि आरोपियों की पहचान कर उन तक पहुंचा जा सके।
इस घटना ने एक बार फिर मंदिरों की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। धार्मिक स्थलों की सुरक्षा को लेकर पहले भी कई बार चिंताएं व्यक्त की जाती रही हैं, लेकिन इस तरह की घटनाएं दर्शाती हैं कि इस दिशा में ठोस और प्रभावी कदम उठाने की तत्काल आवश्यकता है। ग्रामीण और श्रद्धालु अब पुलिस की जांच पर टकटकी लगाए हुए हैं, उम्मीद है कि जल्द ही उन्हें न्याय मिलेगा और दोषी सलाखों के पीछे होंगे।
