सहकारिता मंत्री ने मूंग खरीदी से बैंकिंग तक 'मिशन मोड' पर जोर दिया
सहकारिता मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने मूंग-उड़द खरीदी, माइक्रो एटीएम, सहकारी बैंकों और 'सहकारिता में सहकार' अभियान की समीक्षा की। उन्होंने योजनाओं के त्वरित और पारदर्शी क्रियान्वयन के निर्देश दिए।

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 31 जुलाई 2026
मध्य प्रदेश के सहकारिता मंत्री श्री विश्वास कैलाश सारंग ने शुक्रवार को मंत्रालय में विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक में विभिन्न योजनाओं के कार्यान्वयन की गहन समीक्षा की। इस समीक्षा बैठक का मुख्य केंद्र बिंदु प्रदेश में मूंग और उड़द की खरीद व्यवस्था, सहकारी बैंकिंग प्रणाली को सुदृढ़ करना, मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजनाओं की प्रगति और 'सहकारिता में सहकार' अभियान को मिशन मोड में आगे बढ़ाना रहा। मंत्री सारंग ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी योजनाओं का क्रियान्वयन पूरी तत्परता और दक्षता के साथ हो, ताकि किसानों और सहकारी संस्थाओं को अधिकतम लाभ मिल सके।
बैठक में श्री सारंग ने विशेष रूप से किसानों को खरीद केंद्रों पर किसी भी प्रकार की असुविधा न होने देने पर बल दिया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि मूंग और उड़द की खरीद के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय पर उपलब्ध रहें। उड़द की खरीद के लिए पर्याप्त मात्रा में बारदाने की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि खरीद प्रक्रिया बिना किसी बाधा के सुचारू रूप से संपन्न हो सके। यह सुनिश्चित करने का प्रयास किया जाएगा कि किसानों की उपज का उचित मूल्य मिले और उन्हें किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
भंडारण की चुनौतियों से निपटने के लिए वैकल्पिक व्यवस्थाएं
गोदामों की कमी को खरीद व्यवस्था में बाधा बनने से रोकने के लिए मंत्री श्री सारंग ने वैकल्पिक भंडारण व्यवस्था पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जिन स्थानों पर गोदामों की कमी है या उपलब्ध गोदाम पूरी क्षमता से भर चुके हैं, वहां तत्काल वैकल्पिक व्यवस्थाएं की जाएं। आवश्यकता पड़ने पर अंतर-जिला गोदामों का उपयोग करने का निर्देश दिया गया, ताकि किसानों की उपज का समय पर सुरक्षित भंडारण सुनिश्चित किया जा सके। इस कदम से खरीद के बाद उपज के शीघ्र उठान में मदद मिलेगी और किसानों को अपनी उपज के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा।
ग्रामीण बैंकिंग को माइक्रो एटीएम और आकर्षक ब्याज योजनाओं से मिलेगी गति
ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सुविधाओं का विस्तार करने के उद्देश्य से मंत्री श्री सारंग ने दुग्ध सहकारी समितियों में माइक्रो एटीएम की उपलब्धता को प्राथमिकता दी। उन्होंने इन समितियों के लिए चरणबद्ध तरीके से माइक्रो एटीएम उपलब्ध कराने हेतु लक्ष्य निर्धारित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही, उन्होंने सभी सहकारी बैंकों में नोडल अधिकारियों की नियुक्ति करने, जमा राशि पर आकर्षक ब्याज योजनाएं तैयार करने और सभी सहकारी समितियों के बैंक खाते अनिवार्य रूप से सहकारी बैंकों में ही संचालित करवाने का आदेश दिया। श्री सारंग ने समिति सदस्यों को सहकारी बैंकिंग के माध्यम से अधिक से अधिक वित्तीय लेनदेन के लिए प्रेरित करने पर भी बल दिया, ताकि सहकारी बैंकों की सेवाएं अधिक सुलभ और प्रभावी बन सकें।
एनसीडीसी योजनाओं में भागीदारी बढ़ाकर सहकारी संस्थाओं को सशक्त बनाना
मध्य प्रदेश राज्य सहकारी बैंक की राष्ट्रीय सहकारी विकास निगम (एनसीडीसी) की योजनाओं में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए। मंत्री श्री सारंग ने कहा कि इन योजनाओं के माध्यम से सहकारी संस्थाओं को वित्तीय सहायता और अन्य अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे, जिससे उनकी क्षमता बढ़ेगी और वे ग्रामीण अर्थव्यवस्था के विकास में और अधिक योगदान दे सकेंगी। एनसीडीसी की योजनाओं का प्रभावी उपयोग सहकारी क्षेत्र के लिए नए रास्ते खोल सकता है।
'सहकारिता में सहकार' अभियान की साप्ताहिक समीक्षा
मुख्यमंत्री जन-कल्याण योजना और 'सहकारिता में सहकार' अभियान की प्रगति की समीक्षा करते हुए मंत्री श्री सारंग ने इन अभियानों को मिशन मोड में संचालित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिया कि प्रत्येक सप्ताह इन अभियानों की नियमित समीक्षा की जाए और लक्ष्य आधारित कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। यह सुनिश्चित करेगा कि इन महत्वपूर्ण पहलों में कोई ढील न बरती जाए और वे निर्धारित समय-सीमा में अपने उद्देश्यों को पूरा कर सकें।
क्लस्टर विकास और लंबित अनुमतियों का त्वरित निराकरण
दुग्ध उत्पादन, हस्तशिल्प और अन्य क्लस्टर आधारित विकास योजनाओं को गति देने के निर्देश भी दिए गए। मंत्री श्री सारंग ने कृषि और वृक्षारोपण वर्ष में लंबित सभी अनुमतियों का शीघ्र निराकरण करने और विकास कार्यों में तेजी लाने पर जोर दिया। इन पहलों से ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित होंगे।
बैठक के अंत में, श्री सारंग ने सहकारिता को ग्रामीण समृद्धि और प्रदेश के समग्र विकास का एक सशक्त माध्यम बताया। उन्होंने अधिकारियों से योजनाओं के प्रभावी, पारदर्शी और समयबद्ध क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया। बैठक में प्रमुख सचिव सहकारिता श्री डी.पी. आहूजा, मध्यप्रदेश राज्य सहकारी विपणन संघ (मार्कफेड) के प्रबंध संचालक श्री अभिजीत अग्रवाल सहित विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
