रूठियाई अस्पताल का औचक निरीक्षण: स्वास्थ्य सेवाएं संतोषजनक, खामियों के शीघ्र सुधार के निर्देश
गुना जिले के रूठियाई शासकीय अस्पताल में एसडीएम ने औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं की सराहना की, वहीं व्यवस्थागत खामियों को तुरंत सुधारने के निर्देश दिए।

द क्लिफ न्यूज़ | गुना | 30 जुलाई 2026
गुना जिले के रूठियाई स्थित शासकीय अस्पताल में आज एक औचक निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता संतोषजनक पाई गई। कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल के निर्देशन पर एसडीएम राघौगढ़ अमित सोनी ने अस्पताल का दौरा कर मरीजों और उनके परिजनों से सीधा संवाद किया। निरीक्षण में मरीजों ने उपलब्ध कराए जा रहे भोजन की गुणवत्ता और समय पर उपलब्धता की सराहना की, साथ ही उपचार व्यवस्था पर भी संतोष व्यक्त किया।
निरीक्षण के दौरान एसडीएम सोनी ने अस्पताल के विभिन्न हिस्सों जैसे वार्ड, ओपीडी, पैथोलॉजी, दवा वितरण कक्ष और अभिलेखों का बारीकी से अवलोकन किया। हालांकि, निरीक्षण में कुछ व्यवस्थागत कमियां भी सामने आईं। इनमें बेडों पर चादरों की कमी, परिसर और वार्डों में साफ-सफाई में सुधार की आवश्यकता, तथा पैथोलॉजी स्टाफ की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने की आवश्यकता प्रमुख थी। इन कमियों को लेकर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई के सख्त निर्देश जारी किए हैं।
दवा उपलब्धता और स्वास्थ्य निगरानी
एसडीएम ने अस्पताल में दवाओं की उपलब्धता का भी जायजा लिया। परीक्षण के दौरान यह पाया गया कि एंटी रैबीज वैक्सीन और एंटी स्नेक वेनम (ASV) जैसी आवश्यक जीवनरक्षक दवाएं अस्पताल में पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। यह भी संतोषजनक पाया गया कि वर्तमान में अस्पताल क्षेत्र में मलेरिया और डेंगू का कोई भी सक्रिय प्रकरण दर्ज नहीं है, जिसे प्रभावी स्वास्थ्य निगरानी के रूप में देखा जा रहा है।
मरीजों के अनुभव और अस्पताल प्रबंधन की प्रतिक्रिया को समझने के लिए, एसडीएम सोनी ने भर्ती मरीजों से सीधे बात की। उन्होंने अस्पताल में मिल रही सुविधाओं, जैसे कि साफ-सफाई, भोजन की गुणवत्ता, दवाइयां और डॉक्टरी सलाह, के बारे में विस्तार से पूछा। अधिकांश मरीजों ने अस्पताल प्रशासन द्वारा की जा रही व्यवस्थाओं पर संतुष्टि जताई, खासकर भोजन की गुणवत्ता और समय पर उपलब्धता को लेकर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। उपचार को लेकर भी मरीजों ने संतोषजनक अनुभव बताए, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं की वर्तमान स्थिति का एक स्पष्ट चित्र सामने आया।
व्यवस्थागत कमियों पर तत्काल सुधार के निर्देश
हालांकि, निरीक्षण के दौरान कुछ ऐसी व्यवस्थागत कमियां भी सामने आईं जिन पर तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता थी। एसडीएम सोनी ने पाया कि अस्पताल के बिस्तरों पर चादरों की पर्याप्त उपलब्धता नहीं थी। इसके अतिरिक्त, अस्पताल परिसर और वार्डों के भीतर साफ-सफाई के स्तर में सुधार की गुंजाइश पाई गई। पैथोलॉजी विभाग में स्टाफ की नियमित उपस्थिति भी एक ऐसा बिंदु था जिस पर सुधार की आवश्यकता जताई गई। इन अवलोकनों के आधार पर, एसडीएम सोनी ने संबंधित अधिकारियों को इन कमियों को दूर करने के लिए तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई करने के स्पष्ट और सख्त निर्देश दिए।
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं पर जोर
एसडीएम सोनी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अस्पताल में सभी बेड पर स्वच्छ चादरों की नियमित व्यवस्था की जाए। साथ ही, साफ-सफाई के उच्च मानकों को बनाए रखने और सभी स्वास्थ्य अधिकारियों व कर्मचारियों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया। इन उपायों के माध्यम से आम जनता को निरंतर बेहतर, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने का लक्ष्य रखा गया है।
उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि सभी स्वास्थ्य कर्मी अपनी ड्यूटी पर समय पर उपस्थित रहें ताकि मरीजों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। दवा वितरण प्रणाली की नियमित समीक्षा और आवश्यक दवाओं की उपलब्धता पर निरंतर निगरानी रखने के भी निर्देश दिए गए। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए सभी आवश्यक जीवन रक्षक दवाएं, जैसे कि एंटी रैबीज वैक्सीन और एंटी स्नेक वेनम, हमेशा स्टॉक में रहें।
