रूस में मेडिकल छात्र की हृदय गति रुकने से मौत, सिंधिया के प्रयास से शव भारत लौटा
गुना के राधौगढ़ निवासी मेडिकल छात्र सूरज सैनी की रूस में हृदय गति रुकने से मृत्यु हो गई। केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के हस्तक्षेप से...

राधौगढ़ | संवाददाता: राजा हतम वेग
द क्लिफ न्यूज़ | राधौगढ़ | 22 अक्टूबर 2026
गुना जिले के राधौगढ़ शहर से ताल्लुक रखने वाले मेडिकल छात्र सूरज सैनी का रूस में अचानक निधन हो गया। बताया जा रहा है कि हृदय गति रुकने के कारण छात्र की मृत्यु हुई। इस दुखद घटना के बाद, छात्र के परिवार ने केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से सहायता की गुहार लगाई थी। सिंधिया के संसदीय क्षेत्र में प्रवास के दौरान मिली इस सूचना पर उन्होंने तुरंत पहल की।
सूरज सैनी, राधौगढ़ के एक मेधावी छात्र थे, जो रूस के एक प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय में मेडिकल की पढ़ाई कर रहे थे। उनका आकस्मिक निधन पूरे परिवार और क्षेत्र के लिए एक बड़ा झटका है। इस कठिन घड़ी में, परिवार ने अपनी पीड़ा केंद्रीय मंत्री तक पहुंचाई, और सिंधिया ने अविलंब कार्यवाही का आश्वासन दिया।
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की सक्रियता से छात्र का पार्थिव शरीर दिल्ली पहुंचा
घटना की सूचना मिलते ही केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने तत्काल कार्रवाई की। उनके कार्यालय ने तुरंत रूसी अधिकारियों और दूतावास से संपर्क साधा। केंद्रीय मंत्री के व्यक्तिगत प्रयासों और अथक प्रयासों के चलते, छात्र सूरज सैनी का पार्थिव शरीर मॉस्को से दिल्ली तक सुरक्षित लाया जा सका। यह जानकारी मिलते ही गुना जिले के अधिकारियों को भी सतर्क कर दिया गया था।
सिंधिया के संसदीय क्षेत्र में प्रवास के दौरान इस मामले पर त्वरित संज्ञान लिया गया, और उन्होंने आश्वासन दिया था कि वे परिवार की हर संभव मदद करेंगे। इस हस्तक्षेप के परिणामस्वरूप, पार्थिव शरीर को स्वदेश लाने की प्रक्रिया तेज हुई, जो परिवार के लिए एक बड़ी राहत का विषय है।
जिला प्रशासन की विशेष व्यवस्था के बीच राधौगढ़ में आज होगा अंतिम संस्कार
केंद्रीय मंत्री के हस्तक्षेप के उपरांत, गुना जिला प्रशासन ने भी तत्परता दिखाते हुए पार्थिव शरीर को राधौगढ़ भेजने के लिए विशेष एम्बुलेंस की व्यवस्था की। पार्थिव शरीर अब अपने गृह नगर पहुंच चुका है, जहाँ परिवार और स्थानीय समुदाय के लोग अंतिम दर्शन के लिए उपस्थित हैं।
सूरज सैनी के पिता राजकुमार सैनी नगर पालिका में कार्यरत हैं, जबकि उनकी माता एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के रूप में अपनी सेवाएं दे रही हैं। एक साधारण परिवार के इस प्रतिभाशाली छात्र का इस तरह आकस्मिक निधन पूरे क्षेत्र के लिए एक गहरा सदमा है। इस आकस्मिक निधन से राधौगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई है।
आज देर शाम को राधौगढ़ में ही छात्र सूरज सैनी का अंतिम संस्कार पूरी राजकीय सम्मान के साथ संपन्न किया जाएगा। प्रशासन ने पीड़ित परिवार को हर संभव मदद का आश्वासन दिया है, जिसमें अंतिम संस्कार की व्यवस्थाएं और अन्य सहायता शामिल हैं। स्थानीय समुदाय भी परिवार के साथ दुख साझा कर रहा है और अंतिम संस्कार में बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
