रात में हाईवे पर सुरक्षित सफर: अपनाएं ये सात महत्वपूर्ण सुझाव
इंदौर से देवास जैसे राजमार्गों पर रात में यात्रा करते समय वाहन चालकों को दृश्यता, थकान और गति नियंत्रण जैसे सात प्रमुख बिंदुओं पर ध्यान...

Indore | संवाददाता: आशीष नेमा
द क्लिफ न्यूज़ | इंदौर | 23 अक्टूबर 2026
रात के समय राजमार्गों पर सन्नाटा और कम यातायात के बावजूद, यह शांति अक्सर लापरवाही को जन्म देती है। अंधेरे में कम दृश्यता, बढ़ती थकान और प्रतिक्रिया समय में कमी जैसी स्थितियों के कारण एक छोटी सी चूक भी बड़े हादसों का कारण बन सकती है। इंदौर से देवास जैसे राजमार्गों पर सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित करने के लिए, वाहन चालकों को सात बुनियादी नियमों का पालन करने की सलाह दी गई है।
सबसे महत्वपूर्ण है कि वाहन की गति को हेडलाइट की रोशनी के दायरे में रखा जाए। इससे अचानक आने वाले मोड़ या सड़क पर खड़े वाहनों को देखकर समय रहते ब्रेक लगाया जा सकता है। इसके अतिरिक्त, विंडशील्ड और शीशों की नियमित सफाई अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि धूल रोशनी को बिखेरकर दृश्यता को बाधित कर सकती है। खाली सड़क देखकर गति बढ़ाना बुद्धिमानी नहीं है; निर्धारित गति सीमा का पालन करना ही सुरक्षित है।
थकान से बचाव और सतर्कता
लंबे सफर के दौरान थकान एक बड़ा खतरा साबित हो सकती है। यदि चालक को नींद आ रही हो, आंखें भारी हो रही हों या वाहन लेन से भटक रहा हो, तो ऐसी स्थिति में जिद छोड़ देना ही श्रेयस्कर है। हर दो घंटे या लगभग सौ से डेढ़ सौ किलोमीटर की यात्रा के बाद वाहन रोकना, थोड़ा टहलना और चेहरे पर पानी के छींटे मारना ताजगी लाने में सहायक होता है।
हेडलाइट और लेन अनुशासन का महत्व
हेडलाइट का सही उपयोग भी सुरक्षा का एक अभिन्न अंग है। सामने से आने वाले वाहनों के लिए लो बीम का प्रयोग करें ताकि दूसरे चालक को असुविधा न हो। लेन अनुशासन का पालन करना भी सुरक्षा सुनिश्चित करता है। धीमे चलने वाले वाहनों को बाईं लेन में रहना चाहिए और ओवरटेक करते समय इंडिकेटर का उपयोग अनिवार्य रूप से करना चाहिए।
आपातकालीन स्थितियां और सड़क मार्गदर्शक
यदि किसी तकनीकी खराबी के कारण वाहन को रोकना पड़े, तो उसे सड़क के मुख्य हिस्से से यथासंभव दूर ले जाना चाहिए और हैज़र्ड लाइट को चालू रखना चाहिए। रात के सफर में रिफ्लेक्टिव साइनबोर्ड और रोड स्टड मौन मार्गदर्शक के रूप में कार्य करते हैं, जिनकी उपेक्षा खतरनाक हो सकती है। आधुनिक राजमार्गों पर बेहतर सुरक्षा सुविधाएं तभी प्रभावी होती हैं जब चालक स्वयं सतर्क और जिम्मेदार हों। सुरक्षित यात्रा के लिए गति से अधिक समझदारी को प्राथमिकता देना सबसे बेहतर विकल्प है।
