राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस: दमोह में शिक्षकों को ऑनलाइन पंजीयन का प्रशिक्षण
दमोह में विज्ञान शिक्षकों को बाल विज्ञान कांग्रेस की परियोजनाओं के ऑनलाइन पंजीयन का प्रशिक्षण दिया गया। जिला शिक्षा अधिकारी ने 15 अगस्त तक पंजीयन अनिवार्य किया है।

द क्लिफ न्यूज़ | दमोह | 10 अगस्त 2026
राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस के अंतर्गत परियोजनाओं के ऑनलाइन पंजीयन को लेकर दमोह जिले में एक महत्वपूर्ण कार्यशाला का आयोजन किया गया। उत्कृष्ट विद्यालय के कंप्यूटर कक्ष में सोमवार को आयोजित इस प्रशिक्षण सत्र में जिले के विज्ञान शिक्षकों को परियोजनाओं के पंजीयन की प्रक्रिया विस्तृत रूप से समझाई गई। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य बाल विज्ञान कांग्रेस में भाग लेने वाले विद्यार्थियों की परियोजनाओं को ऑनलाइन पंजीकृत करना था।
इस प्रशिक्षण के दौरान, इंस्पायर अवार्ड मानक, बाल विज्ञान कांग्रेस और 'एक पेड़ मां के नाम 3.0' इको क्लब जैसी पहलों के तहत विद्यालयों में आयोजित की जाने वाली विभिन्न गतिविधियों को संबंधित पोर्टलों पर अपलोड करने की विधि भी शिक्षकों को सिखाई गई। यह पहल विद्यार्थियों को वैज्ञानिक सोच विकसित करने और अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर प्रदान करती है।
ऑनलाइन पंजीयन की अंतिम तिथि 15 अगस्त
जिला शिक्षा अधिकारी सत्यम चौरसिया ने सभी प्राचार्यों को स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने कहा है कि बाल विज्ञान कांग्रेस के तहत परियोजनाओं का ऑनलाइन पंजीयन हर हाल में 15 अगस्त तक पूरा किया जाना अनिवार्य है। इस तिथि के बाद किसी भी प्रकार का ऑनलाइन पंजीयन स्वीकार नहीं किया जाएगा। इसलिए, शिक्षकों को समय का विशेष ध्यान रखते हुए पंजीयन प्रक्रिया को समय पर संपन्न कराना होगा।
जिला शिक्षा अधिकारी ने आगे बताया कि पंजीयन प्रक्रिया के दौरान, विज्ञान शिक्षकों को 10 से 14 वर्ष और 14 से 17 वर्ष की आयु के विद्यार्थियों को अलग-अलग समूहों में वर्गीकृत करना होगा। प्रत्येक समूह से दो-दो बच्चों की टीमें बनाकर उनकी परियोजनाओं का पंजीयन पूरा करना होगा। यह सुनिश्चित करेगा कि प्रतियोगिता आयु-वर्ग के अनुसार निष्पक्ष हो।
कार्यशाला में विशेषज्ञों ने दिया प्रशिक्षण
कार्यशाला में जिला समन्वयक मोहन राय, एकेडमिक समन्वयक बहादुर सिंह ठाकुर और हिरदेश परिहार ने शिक्षकों को ऑनलाइन पंजीयन और संबंधित गतिविधियों को अपलोड करने की प्रक्रिया पर गहन प्रशिक्षण प्रदान किया। उन्होंने शिक्षकों के प्रश्नों का समाधान किया और उन्हें किसी भी तकनीकी समस्या से निपटने के तरीके भी बताए।
इस महत्वपूर्ण कार्यशाला में विकासखंड शिक्षा अधिकारी मुकेश गुजरे, प्राचार्य नरपाल सिंह ठाकुर, राम प्रकाश शुक्ला, मनीषा जैन, मुन्नी ठाकुर, अंजू अहिरवार, राकेश परोहा, कमलेश जैन, संगीता दुबे, निराशा गुप्ता, रंजीत अहिरवार सहित जिले के अनेक विज्ञान शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस प्रशिक्षण से उम्मीद है कि दमोह जिले से अधिक से अधिक विद्यार्थी राष्ट्रीय बाल विज्ञान कांग्रेस में अपनी परियोजनाओं का प्रदर्शन कर सकेंगे।
