पुश्तैनी जमीन पर कब्जे का आरोप, निर्माण रोकने की डीएम से गुहार
फर्रुखाबाद में ग्राम शरीफपुर छिछनी के दिनेश कुमार ने अपनी पुश्तैनी जमीन पर दबंगों द्वारा कब्जा करने और निर्माण कराने का आरोप लगाया है। उन्होंने डीएम से निष्पक्ष जांच और निर्माण रोकने की मांग की है।

द क्लिफ न्यूज़ | फर्रुखाबाद | 10 अगस्त 2026
फर्रुखाबाद के कायमगंज तहसील क्षेत्र के ग्राम शरीफपुर छिछनी के मजरा जैतपुर निवासी दिनेश कुमार ने अपनी पुश्तैनी जमीन पर गांव के कुछ लोगों द्वारा जबरन कब्जा किए जाने का गंभीर आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। पीड़ित ने मामले की निष्पक्ष जांच, भूमि की पैमाइश कराने और विवादित स्थल पर जारी निर्माण कार्य को रुकवाने की गुहार लगाई है।
शिकायती पत्र के अनुसार, दिनेश कुमार की भूमि गाटा संख्या 968 है, जिसका रकबा 0.3640 हेक्टेयर है। आरोप है कि राजस्व अभिलेखों में भूमि दर्ज होने के बावजूद कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा कथित रूप से जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया गया है और उस पर पक्का निर्माण कार्य कराया जा रहा है। पीड़ित का कहना है कि पूर्व में राजस्व विभाग द्वारा भूमि की जांच और पैमाइश की कार्रवाई भी की गई थी, लेकिन इन सबके बावजूद विवादित भूमि पर निर्माण कार्य जारी है, जो चिंता का विषय है।
राजस्व कर्मियों पर निष्पक्षता न बरतने का आरोप
शिकायतकर्ता ने क्षेत्रीय लेखपाल और राजस्व निरीक्षक पर भी मामले में अपेक्षित निष्पक्षता न बरतने का गंभीर आरोप लगाया है। दिनेश कुमार का दावा है कि इन अधिकारियों द्वारा दबंग पक्ष से कथित मिलीभगत के चलते निर्माण कार्य शुरू कराया गया। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है।
पुलिस कार्रवाई पर भी उठाए सवाल
पीड़ित के अनुसार, उसने निर्माण कार्य को रोकने के लिए थाना पुलिस से भी संपर्क साधा था और शिकायत दर्ज कराई थी। आरोप है कि स्थानीय स्तर पर एक प्रभावशाली राजनीतिक व्यक्ति के दबाव के चलते पुलिस की कार्रवाई प्रभावी ढंग से नहीं हो सकी और निर्माण कार्य अनवरत जारी रहा। इस आरोप की भी स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है।
डीएम से निष्पक्ष जांच की मांग
दिनेश कुमार ने जिलाधिकारी से पूरे मामले की निष्पक्ष राजस्व और पुलिस जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि भूमि की तत्काल पैमाइश कराई जाए, अभिलेखों के आधार पर भूमि की वास्तविक स्थिति स्पष्ट की जाए और दोषियों के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाएं रोकी जा सकें।
