फर्रुखाबाद: यातायात दीवान की अचानक मौत, पुलिस महकमे में शोक
फर्रुखाबाद में यातायात पुलिस में तैनात 52 वर्षीय दीवान गौरी शंकर शुक्ला की मंगलवार को अचानक तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई है।

द क्लिफ न्यूज़ | फर्रुखाबाद | 25 अगस्त 2026
जनपद की यातायात पुलिस में तैनात 52 वर्षीय दीवान गौरी शंकर शुक्ला का मंगलवार को अचानक स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद निधन हो गया। इस दुखद घटना से पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई है। उनकी मृत्यु की खबर से साथी पुलिसकर्मियों, परिचितों और स्थानीय लोगों में गहरा दुख व्याप्त है।
मूल रूप से चित्रकूट जनपद के पहाड़ी थाना क्षेत्र निवासी गौरी शंकर शुक्ला वर्तमान में तिर्वा कोठी में निवास कर रहे थे। मंगलवार को उन्हें फर्रुखाबाद रेलवे स्टेशन पर यातायात व्यवस्था संभालने की ड्यूटी सौंपी गई थी। हालांकि, अस्वस्थ महसूस करने के कारण वे ड्यूटी प्वाइंट पर नहीं पहुंच पाए।
अचानक बिगड़ी तबीयत, अस्पताल में हुई मौत
दोपहर के समय गौरी शंकर शुक्ला की तबीयत अचानक काफी बिगड़ गई। सूचना मिलते ही पुलिसकर्मियों ने उन्हें तत्काल एंबुलेंस द्वारा लोहिया अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना की जानकारी मिलते ही कादरी गेट थाना पुलिस को भी सूचित किया गया।
यातायात प्रभारी ओमप्रकाश पांडेय ने बताया कि गौरी शंकर शुक्ला अस्वस्थ थे, जिस कारण वे मंगलवार को ड्यूटी पर उपस्थित नहीं हो सके थे। उनकी तबीयत बिगड़ने पर उन्हें लोहिया अस्पताल भेजा गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है और उनके शव को मोर्चरी में रखवाया गया है। परिवार के सदस्यों के आने के बाद आगे की आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
निजी जीवन के दुख और सहकर्मियों के बीच प्रिय
जानकारी के अनुसार, गौरी शंकर शुक्ला के एक पुत्र का पूर्व में ही निधन हो चुका था। पुत्र की मृत्यु के सदमे से वे और उनकी पत्नी काफी समय से उबर नहीं पा रहे थे। उनकी दो पुत्रियां हैं, जिनमें से एक का विवाह हो चुका है, जबकि दूसरी कानपुर में रहकर पढ़ाई कर रही है। उनकी पत्नी भी वर्तमान में पुत्री के साथ कानपुर में ही रह रही थीं।
फर्रुखाबाद-फतेहगढ़ के विभिन्न यातायात चौराहों पर अपनी ड्यूटी के दौरान गौरी शंकर शुक्ला अपने सरल और मिलनसार व्यवहार के लिए जाने जाते थे। उनके सहकर्मी और स्थानीय नागरिक उनके व्यवहार की अक्सर सराहना करते थे। उनकी अचानक मृत्यु ने सभी को स्तब्ध कर दिया है और उनके प्रियजनों तथा पुलिस विभाग के लिए यह एक अपूरणीय क्षति है।
