फर्रुखाबाद से सात गुंडे बेदखल, तीन पर हाजिरी की शर्त
फर्रुखाबाद जिला मजिस्ट्रेट न्यायालय ने गुंडा नियंत्रण अधिनियम के तहत 10 मामलों का निस्तारण कर सात आरोपियों को छह माह के लिए जिले से निष्कासित किया। तीन अन्य को थाने में हाजिरी देने का आदेश।

द क्लिफ न्यूज़ | फर्रुखाबाद | 22 जुलाई 2026
फर्रुखाबाद जिले में असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने की दिशा में जिला मजिस्ट्रेट न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए गुंडा नियंत्रण अधिनियम के तहत लंबित दस मामलों का निस्तारण किया है। इस कार्रवाई के तहत सात आरोपियों को छह माह के लिए जिले से निष्कासित (बदर) करने का आदेश दिया गया है, जबकि तीन अन्य को नियमित रूप से थाने में हाजिरी दर्ज कराने की शर्त पर रियायत दी गई है। यह निर्णय मई और जून 2026 के दौरान दर्ज हुए उन मामलों की सुनवाई के उपरांत आया है जो काफी समय से विचाराधीन थे।
जिलाधिकारी न्यायालय द्वारा जनपद बदर किए गए अभियुक्तों में जयदीप, कुलदीप, नसीम उर्फ वसीम, राजन, अमित यादव उर्फ अंश कुमार और अमित जैसे नाम शामिल हैं। इन सभी को सख्त निर्देश दिया गया है कि वे आगामी छह महीनों तक फर्रुखाबाद की सीमा में प्रवेश न करें। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि इन व्यक्तियों की संदिग्ध गतिविधियां जिले की शांति और व्यवस्था को भंग न कर सकें।
हाजिरी की शर्त और संपत्ति से जुड़े मामले
जनपद बदरी के अलावा, तीन अन्य अभियुक्तों - लालाराम, गौरव उर्फ पंडा और कमरुल खान - को दो से छह माह की अवधि के लिए प्रत्येक शनिवार को संबंधित थाने में उपस्थित होकर अपनी हाजिरी दर्ज कराने का आदेश दिया गया है। इस निगरानी का उद्देश्य उनकी गतिविधियों पर बारीकी से नजर रखना और उनकी संभावित आपराधिक संलिप्तता को रोकना है।
इसी क्रम में, गैंगस्टर अधिनियम के तहत दर्ज पांच आपराधिक प्रकरणों में भी कार्यवाही की गई है। इन मामलों में अनुपम दुबे, रामबाबू उर्फ बड़े लल्ला और संदीप पाल से जुड़ी लगभग 59.8 करोड़ रुपये की कथित आपराधिक संपत्ति के प्रकरणों को विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट, फर्रुखाबाद के न्यायालय में स्थानांतरित कर दिया गया है। यह कदम आपराधिक आय से अर्जित संपत्तियों पर शिकंजा कसने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अपराधियों पर अंकुश लगाने का यह अभियान निरंतर जारी रहेगा। भविष्य में भी ऐसे तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी जो जिले की शांति भंग करने का प्रयास करेंगे।
