फर्रुखाबाद महिला अस्पताल में डीएम के औचक निरीक्षण में व्यवस्थाएं सुधारने के निर्देश
फर्रुखाबाद की जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने रविवार को जिला महिला चिकित्सालय का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने महिला, शिशु वार्ड और एसएनसीयू का निरीक्षण किया।

द क्लिफ न्यूज़ | फर्रुखाबाद | 30 अगस्त 2026
फर्रुखाबाद की जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने रविवार को जिला महिला चिकित्सालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल की स्वास्थ्य सेवाओं और समग्र व्यवस्थाओं का गहनता से जायजा लिया। उन्होंने महिला वार्ड, शिशु वार्ड और एसएनसीयू (सिखित नवजात शिशु गहन चिकित्सा इकाई) का बारीकी से निरीक्षण किया और चिकित्सकों तथा संबंधित अधिकारियों से मरीजों को प्राप्त हो रही सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त की।
शिशु वार्ड में तैनाती और उपचार की व्यवस्था
निरीक्षण के दौरान, जिलाधिकारी ने पीडियाट्रिक वार्ड में स्वीकृत पदों पर आवश्यक तैनाती के लिए तत्काल शासन को मांग पत्र भेजने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जब तक शासन स्तर से नई तैनाती नहीं हो जाती, तब तक महिला अस्पताल में तैनात पीडियाट्रिशियन स्टाफ के सहयोग से नवजात और बच्चों को समय पर उपचार उपलब्ध कराया जाना चाहिए। यह निर्देश सुनिश्चित करेगा कि बच्चों के स्वास्थ्य की देखरेख में कोई बाधा न आए।
एसएनसीयू में संसाधनों की आपूर्ति और ऑपरेशन थिएटर का निरीक्षण
एसएनसीयू वार्ड में उपलब्ध संसाधनों की स्थिति का अवलोकन करने के उपरांत, जिलाधिकारी ने आवश्यक उपकरण और संसाधनों की आपूर्ति विवेकाधीन कोष से कराने की प्रक्रिया को शीघ्रता से पूरा करने का आदेश दिया। उन्होंने ऑपरेशन थिएटर का निरीक्षण करते हुए यह निर्देश दिया कि रोस्टर के अनुसार सर्जरी करने वाले चिकित्सकों की सूची स्पष्ट रूप से चस्पा की जाए। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मरीजों और उनके परिजनों को संबंधित चिकित्सक की जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सके।
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाओं पर जोर
जिलाधिकारी डॉ. लाठर ने अस्पताल प्रशासन को साफ-सफाई, दवाओं की उपलब्धता, चिकित्सकों और मेडिकल स्टाफ की नियमित उपस्थिति, तथा मरीजों को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण उपचार प्रदान करने के निर्देश दिए। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
