नरसिंहपुर में राजस्व मामलों के त्वरित निपटारे पर जोर, 3978 प्रकरण लंबित
नरसिंहपुर में कलेक्टर रजनी सिंह ने राजस्व अधिकारियों की बैठक में लंबित प्रकरणों के शीघ्र समाधान पर बल दिया। कुल 22,746 में से 18,768 मामले...

नरसिंहपुर | संवाददाता: आशीष नेमा
द क्लिफ न्यूज़ | नरसिंहपुर | 16 सितंबर 2026
नरसिंहपुर में बुधवार को आयोजित एक महत्वपूर्ण राजस्व अधिकारियों की समीक्षा बैठक में कलेक्टर श्रीमती रजनी सिंह ने जिले में लंबित राजस्व प्रकरणों के त्वरित और प्रभावी निराकरण पर कड़ा जोर दिया। उन्होंने विशेष रूप से नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन जैसे नागरिकों से जुड़े महत्वपूर्ण राजस्व कार्यों की प्रगति का गहन मूल्यांकन किया।
आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, जिले में कुल 22,746 राजस्व प्रकरण पंजीकृत किए गए थे, जिनमें से 18,768 मामलों का समाधान कर लिया गया है। यह लगभग 83 प्रतिशत की संतोषजनक प्रगति दर्शाता है। हालांकि, अभी भी 3,978 मामले लंबित हैं, जिन पर तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है।
लंबित नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन प्रकरण
बैठक में प्रस्तुत रिपोर्ट के अनुसार, नामांतरण के कुल 9,586 मामलों में से 7,827 का सफलतापूर्वक निपटारा किया गया है। इसी प्रकार, बंटवारा संबंधी 1,264 प्रकरणों में से 1,012 मामलों का समाधान हुआ है। सीमांकन के 2,147 प्रकरणों में से 2,139 मामलों का निष्पादन किया जा चुका है, जो इस क्षेत्र में उच्च दर की प्रगति को इंगित करता है।
कलेक्टर श्रीमती रजनी सिंह ने इस अवसर पर स्पष्ट निर्देश जारी किए कि अब किसी भी राजस्व प्रकरण को ऑफलाइन स्वीकार नहीं किया जाएगा। सभी आवेदन अनिवार्य रूप से लोक सेवा केंद्रों के माध्यम से ऑनलाइन ही दर्ज किए जाएंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि निरीक्षण के दौरान नियमों की अनदेखी पाई जाती है, तो संबंधित तहसीलदार के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
फार्मर रजिस्ट्री और गिरदावरी कार्यों की समीक्षा
बैठक में फार्मर रजिस्ट्री की प्रगति पर भी विस्तृत चर्चा हुई। अब तक शिविरों के माध्यम से 8,257 फार्मर आईडी तैयार की जा चुकी हैं। इसके अलावा, खरीफ 2026-27 की गिरदावरी (फसल कटाई प्रयोग), प्रधानमंत्री किसान योजना के तहत ई-केवाईसी, लैंड लिंकिंग और संदिग्ध हितग्राहियों के सत्यापन जैसे महत्वपूर्ण कार्यों की वर्तमान स्थिति की भी गहन समीक्षा की गई।
प्रशासनिक एजेंडे में भू-अर्जन, राजस्व वसूली, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन और मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान के तहत प्राप्त विभिन्न शिकायतों के त्वरित निस्तारण की स्थिति की भी समीक्षा की गई। इस महत्वपूर्ण बैठक में अपर कलेक्टर अरविंद सिंह सहित जिले के सभी अनुविभागीय राजस्व अधिकारी, तहसीलदार और नायब तहसीलदार उपस्थित रहे। प्रशासन ने सभी लंबित कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा करने का लक्ष्य तय किया है, ताकि आम नागरिकों को सुशासन का प्रत्यक्ष लाभ मिल सके और उनकी राजस्व संबंधी समस्याओं का शीघ्र समाधान हो सके।
