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नरसिंहगढ़: बारिश में तिरपाल के नीचे हुआ महिला का अंतिम संस्कार

वन विभाग की अनुमति न मिलने के कारण नरसिंहगढ़ के देवगढ़ गांव में पक्के श्मशान घाट का अभाव है। बारिश के बीच एक महिला का अंतिम संस्कार तिरपाल लगाकर किया गया, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश है।

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नरसिंहगढ़: बारिश में तिरपाल के नीचे हुआ महिला का अंतिम संस्कार

द क्लिफ न्यूज़ | नरसिंहगढ़ | 25 जुलाई 2026

मध्य प्रदेश के नरसिंहगढ़ के देवगढ़ गांव में एक हृदय विदारक घटना सामने आई है, जहाँ तेज बारिश के बीच एक बुजुर्ग महिला का अंतिम संस्कार तिरपाल की आड़ में करना पड़ा। गांव में वर्षों से पक्के श्मशान घाट और शेड की मांग की जा रही है, लेकिन वन विभाग के नियमों और अनुमति की बाधाओं के कारण यह सुविधा उपलब्ध नहीं हो पाई है।

घटना मंगलवार को तब हुई जब 75 वर्षीय छम्मा बाई का निधन हो गया। अंतिम संस्कार के समय अचानक तेज बारिश शुरू हो गई, जिससे ग्रामीणों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। लकड़ियां भी भीग जाने के कारण अंतिम संस्कार की प्रक्रिया में लगभग दो घंटे का समय लगा, और इस दौरान उपस्थित लोग भीगते रहे। मजबूरी में, ग्रामीणों ने बांस और तिरपाल का उपयोग करके एक अस्थायी शेड बनाया, जिसके नीचे शव का अंतिम संस्कार किया जा सका।

वन विभाग की अनुमति का रोड़ा

ग्रामीणों के अनुसार, देवगढ़ गांव वन क्षेत्र में आता है, और इसी कारण वन विभाग द्वारा सार्वजनिक निर्माण व विकास कार्यों की अनुमति मिलने में दिक्कतें आती हैं। गांव के बुजुर्गों ने बताया कि बारिश के मौसम में ऐसी स्थिति कई बार उत्पन्न होती है, जो अत्यंत दुखद है। उन्होंने सरकार और प्रशासन से इस समस्या के समाधान की गुहार लगाई है।

ग्राम पंचायत की मांगें और ग्रामीणों की चेतावनी

सरपंच महेश सगवालिया ने बताया कि ग्राम पंचायत द्वारा कई बार शासन और प्रशासन को पक्के श्मशान घाट और शेड निर्माण के लिए आवेदन दिए गए हैं। हालांकि, वन विभाग से अनुमति न मिलने के कारण काम अधूरा पड़ा हुआ है। ग्राम पंचायत ने प्रशासन से तत्काल पक्के श्मशान घाट, शेड के साथ-साथ पेयजल की व्यवस्था करने की भी मांग की है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि इस मामले में शीघ्र समाधान नहीं निकाला गया, तो वे ब्लॉक और जिला मुख्यालय पर विरोध प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होंगे।