मीरगंज में किसानों को रबी फसलों के उन्नत मिनीकिट बांटे गए
बरेली के मीरगंज में रबी फसलों के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए किसानों को दलहन और तिलहन के उन्नत मिनीकिट निःशुल्क वितरित किए गए।

अफसार खान संवाददाता बरेली | संवाददाता: इज़हार आलम
द क्लिफ न्यूज़ | बरेली | 16 अक्टूबर 2026
बरेली जिले के मीरगंज ब्लॉक में कृषि विभाग द्वारा रबी फसलों की उत्पादकता बढ़ाने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। ब्लॉक प्रमुख गोपालकृष्ण गंगवार की अध्यक्षता में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान, स्थानीय किसानों के बीच दलहन और तिलहन फसलों के उन्नत किस्म के मिनीकिटों का निःशुल्क वितरण किया गया। इस पहल का मुख्य लक्ष्य किसानों को आत्मनिर्भर बनाना और उनकी आय में वृद्धि करना है।
कार्यक्रम में किसानों को मसूर, सरसों, चना और मटर की खेती के लिए मिनीकिट प्रदान किए गए। ब्लॉक प्रमुख गोपालकृष्ण गंगवार ने इस अवसर पर कहा कि प्रदेश सरकार किसानों को उन्नत बीज उपलब्ध कराकर आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में गंभीर प्रयास कर रही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि ये मिनीकिट किसानों को कम लागत में उच्च गुणवत्ता वाले बीज उपलब्ध कराने में सहायक होंगे, जिससे भविष्य में उनकी उपज और आय में उल्लेखनीय सुधार की उम्मीद है।
फसल उत्पादकता बढ़ाने का सरकारी लक्ष्य
कृषि विभाग के सहायक विकास अधिकारी (कृषि) राजेश चौहान ने बताया कि इस योजना का प्राथमिक उद्देश्य दलहन और तिलहन फसलों के अंतर्गत आने वाले क्षेत्र और उनके कुल उत्पादन में वृद्धि करना है। उन्होंने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि जब मुख्य फसलों की पैदावार कम होने की स्थिति बनती है, तो ये मिनीकिट किसानों के लिए एक सहायक विकल्प के रूप में कार्य करते हैं। यह किसानों को वैकल्पिक फसलों की ओर प्रोत्साहित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
विषय वस्तु विशेषज्ञ मोहित ने किसानों को इन उन्नत किस्मों के बारे में जानकारी दी और उनके सही उपयोग के तरीके समझाए। उन्होंने बताया कि नई प्रजातियों के बीज बेहतर उत्पादन देने के साथ-साथ मिट्टी के स्वास्थ्य के लिए भी लाभदायक हो सकते हैं। यह पहल न केवल किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाएगी, बल्कि क्षेत्र में कृषि विविधीकरण को भी बढ़ावा देगी।
क्षेत्रीय किसानों को लाभ
इस मिनीकिट वितरण कार्यक्रम से प्रेमपाल सिंह, चंद्रपाल, नरेश गंगवार, रशीद हुसैन, रफीक अहमद, मोहम्मद यामीन और जयंवती देवी सहित कई किसानों को सीधे लाभ मिला। प्रगतिशील महिला कृषक राजकुमारी चौहान भी इस अवसर पर उपस्थित थीं। कृषि विभाग के अनेक कर्मचारी और स्थानीय गणमान्य व्यक्ति भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए। यह आयोजन क्षेत्र में नई कृषि प्रजातियों के प्रदर्शन और उनके प्रचार-प्रसार की दिशा में एक निर्णायक कदम के रूप में देखा जा रहा है, जिससे भविष्य में कृषि क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव की अपेक्षा है।
