मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी के विखंडन पर जबलपुर कांग्रेस की चिंता, विधायक से की हस्तक्षेप की मांग
जबलपुर कांग्रेस ने मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी के प्रस्तावित विखंडन और उसके कार्यों को उज्जैन स्थानांतरित करने की आशंकाओं पर चिंता जताई है। ज्ञापन सौंपकर विधायक से जबलपुर के हितों की रक्षा की मांग की गई है।

द क्लिफ न्यूज़ | जबलपुर | 2 अगस्त 2026
जबलपुर कांग्रेस ने मध्यप्रदेश मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी के संभावित विखंडन और उसके महत्वपूर्ण कार्यों को उज्जैन स्थानांतरित किए जाने की आशंकाओं पर गहरी चिंता व्यक्त की है। कांग्रेस के नेताओं ने पूर्व प्रदेश सचिव युवा कांग्रेस बादल पंजवानी के नेतृत्व में कैंट विधायक अशोक ईश्वरदास रोहाणी को एक ज्ञापन सौंपकर इस मामले में हस्तक्षेप की मांग की है।
ज्ञापन में बादल पंजवानी ने कहा कि मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी केवल जबलपुर के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे महाकौशल अंचल की एक महत्वपूर्ण शैक्षणिक और संस्थागत उपलब्धि है। यदि विश्वविद्यालय का किसी भी प्रकार का विखंडन किया जाता है या उसके अधिकार और कार्य किसी अन्य स्थान पर स्थानांतरित किए जाते हैं, तो इससे जबलपुर की चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में वर्षों से अर्जित की गई उपलब्धियों को गंभीर क्षति पहुंचेगी। साथ ही, इसका क्षेत्र के समग्र विकास पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है।
संस्थानों के स्थानांतरण पर बढ़ी चिंता
कांग्रेस ने अपने ज्ञापन में इस बात का भी उल्लेख किया कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के कार्यकाल में पहले डेयरी साइंस कॉलेज को जबलपुर से उज्जैन स्थानांतरित किया गया था। अब मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी के संबंध में सामने आ रही चर्चाओं ने शहरवासियों की चिंताओं को और अधिक बढ़ा दिया है। कांग्रेस का आरोप है कि लगातार महत्वपूर्ण संस्थानों के कमजोर होने की आशंकाओं से जबलपुर की जनता स्वयं को उपेक्षित महसूस कर रही है।
विधायक से की गई अपील
नगर कांग्रेस ने विधायक अशोक ईश्वरदास रोहाणी से आग्रह किया है कि वे जबलपुर की जनता की भावनाओं का सम्मान करते हुए मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी के किसी भी प्रकार के विखंडन अथवा उसके अधिकारों एवं कार्यों को अन्यत्र स्थानांतरित किए जाने का स्पष्ट और प्रभावी विरोध करें। ज्ञापन में यह भी मांग की गई है कि विश्वविद्यालय की वर्तमान संरचना, अधिकार और मुख्यालय को पूर्ण रूप से जबलपुर में यथावत बनाए रखा जाए। साथ ही, महाकौशल क्षेत्र के हितों की रक्षा के लिए शासन स्तर पर प्रभावी हस्तक्षेप करने का अनुरोध किया गया है।
इस ज्ञापन सौंपने के अवसर पर रिज़वान अली कोटी, कपिल भोजक, अमित सोनकर, सागर शुक्ला, पलाश यादव, एजाज़ अंसारी, ज़फर खान, शाहनवाज अंसारी, शफ़ी खान सहित अन्य कांग्रेस पदाधिकारी उपस्थित रहे।
