महोबा: छानीकला पंचायत में अनियमितता और मानदेय की मांग, डीएम को सौंपा ज्ञापन
महोबा जिले की छानीकला ग्राम पंचायत के सदस्यों ने विकास कार्यों में पारदर्शिता की कमी और पांच साल से लंबित मानदेय भुगतान की मांग को...

MAHOBA | संवाददाता: अभिनय सिंह चंदेल
द क्लिफ न्यूज़ | महोबा | 10 सितंबर 2026
महोबा जिले के चरखारी विकासखंड की ग्राम पंचायत छानीकला के निर्वाचित सदस्यों ने ग्राम प्रधान और सचिव पर विकास कार्यों में पारदर्शिता का अभाव रखने का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से निष्पक्ष जांच की मांग की है। इसके साथ ही, उन्होंने पांच वर्षों से लंबित अपने मानदेय के भुगतान की गुहार भी लगाई है। भाजपा नेता नरेंद्र मिश्रा के नेतृत्व में पंचायत प्रतिनिधियों ने जिलाधिकारी को एक औपचारिक शपथपत्र सौंपकर अपनी आपबीती सुनाई है।
सदस्यों का गंभीर आरोप है कि ग्राम प्रधान बाबू यादव और ग्राम सचिव जगत नारायण उन्हें पंचायत में संचालित किसी भी विकास कार्य की जानकारी उपलब्ध नहीं कराते हैं। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, ग्राम सभा की बैठकें आयोजित किए बिना ही मनमाने ढंग से कार्य योजनाएं तैयार की गईं और सरकारी धन का भुगतान भी कर दिया गया। प्रतिनिधियों का कहना है कि उन्हें पूरी प्रक्रिया से अनभिज्ञ रखा गया, जो कि पंचायती राज नियमों का सीधा उल्लंघन है।
विकास कार्यों की गहन जांच की मांग
छानीकला ग्राम पंचायत के निर्वाचित सदस्यों ने जिलाधिकारी से पंचायत में हुए सभी विकास कार्यों और उनसे संबंधित भुगतानों की तत्काल निष्पक्ष जांच कराने का आग्रह किया है। उनका कहना है कि सूचना छिपाने और नियमों के उल्लंघन के कारण विकास कार्यों की गुणवत्ता प्रभावित होने की आशंका है। सदस्यों ने यह भी स्पष्ट किया है कि वे इन अनधिकृत योजनाओं से पूरी तरह अनभिज्ञ हैं।
पांच वर्षों का मानदेय लंबित
विकास कार्यों में अनियमितताओं के अलावा, पंचायत सदस्यों ने पिछले पांच वर्षों से अपने मानदेय का भुगतान न होने की समस्या को भी प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में कई बार ग्राम सचिव से स्पष्टीकरण मांगने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्हें संतोषजनक जवाब देने के बजाय लगातार टालमटोल की जाती रही। यह स्थिति पंचायत सदस्यों के लिए आर्थिक कठिनाई का कारण बन रही है।
इस ज्ञापन पर गुन्ना, छिद्दू, छोटे, धर्मदास, मुन्ना विश्वकर्मा, नरेंद्र कुमार और भीष्म सहित अन्य सदस्यों के हस्ताक्षर मौजूद हैं। प्रशासन द्वारा मामले की गंभीरता को देखते हुए आगे की कार्रवाई की उम्मीद की जा रही है। जिलाधिकारी ने ज्ञापन का अवलोकन किया है और संबंधित अधिकारियों को जांच के निर्देश दिए हैं।
