मध्य प्रदेश पुलिस की बड़ी सफलता: 1808 गुम मोबाइल बरामद, 3.47 करोड़ के फोन मालिकों को लौटे
मध्य प्रदेश पुलिस ने विगत दो सप्ताह में 1808 गुम मोबाइल और 1 टैबलेट बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे हैं। इन मोबाइल की अनुमानित कीमत 3 करोड़ 47 लाख रुपये से अधिक है। रक्षाबंधन और स्वतंत्रता दिवस जैसे मौकों पर यह वापसी नागरिकों के लिए बड़ी राहत साबित हुई है।

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 14 अगस्त 2026
मध्य प्रदेश पुलिस ने गुम और चोरी हुए मोबाइल फोन को खोजने में एक बड़ी सफलता हासिल की है। विगत दो सप्ताह के भीतर, प्रदेश भर के विभिन्न जिलों में की गई कार्रवाइयों के परिणामस्वरूप 1,808 गुम मोबाइल फोन और एक टैबलेट बरामद किए गए हैं। इन बरामद मोबाइल की अनुमानित कीमत 3 करोड़ 47 लाख 81 हजार रुपये से अधिक बताई जा रही है। पुलिस द्वारा इन कीमती उपकरणों को उनके वास्तविक मालिकों तक सफलतापूर्वक पहुँचाया गया है, जिससे नागरिकों के चेहरों पर खुशी लौटी है और पुलिस के प्रति उनका विश्वास और मजबूत हुआ है।
यह सफलता पुलिस द्वारा तकनीकी माध्यमों, विशेष रूप से CEIR (Central Equipment Identity Register) पोर्टल और साइबर सेल की विशेषज्ञता का प्रभावी ढंग से उपयोग करने का परिणाम है। निरंतर प्रयासों के माध्यम से, पुलिस विभिन्न जिलों में खोए हुए मोबाइल की तलाश में जुटी हुई है।
विभिन्न जिलों में विशेष अभियान
छिंदवाड़ा: रक्षाबंधन से पहले बड़ी वापसी
छिंदवाड़ा पुलिस ने रक्षाबंधन के पर्व से ठीक पहले एक विशेष अभियान चलाया, जिसके तहत 501 गुम मोबाइल फोन उनके मालिकों को लौटाए गए। इन बरामद मोबाइल की अनुमानित कीमत 1 करोड़ रुपये से अधिक है। साइबर सेल की तकनीकी दक्षता और अथक प्रयासों से यह सफलता हासिल हुई, जिसने स्थानीय नागरिकों के विश्वास को और बढ़ाया है।
ग्वालियर: राष्ट्रीय स्तर पर हुई बरामदगी
ग्वालियर पुलिस के साइबर सेल ने CEIR पोर्टल की मदद से 1 करोड़ 03 लाख रुपये की कीमत के 451 गुम मोबाइल फोन बरामद किए। यह उल्लेखनीय है कि इनमें से कई मोबाइल देश के विभिन्न राज्यों और शहरों से मिले। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मोबाइल वापस पाकर नागरिकों ने प्रसन्नता व्यक्त की। इस अभियान के दौरान, लावारिस मोबाइल पुलिस को सौंपने वाले जागरूक नागरिकों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित भी किया गया, जो एक सराहनीय पहल है।
छतरपुर: 'ऑपरेशन विश्वास' के तहत 276 मोबाइल की वापसी
छतरपुर पुलिस ने 'ऑपरेशन विश्वास' के नाम से चलाए गए एक अभियान के अंतर्गत 276 गुम मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी कुल कीमत 41 लाख 40 हजार रुपये आंकी गई है। तकनीकी संसाधनों और साइबर टीम के सतत प्रयासों के फलस्वरूप, इन मोबाइल को उनके वास्तविक धारकों तक पहुंचाया गया है।
दतिया: 173 मोबाइल बरामद
दतिया पुलिस भी इस सफलता की कड़ी में शामिल है, जहाँ उन्होंने 173 गुम मोबाइल फोन, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 35 लाख रुपये है, को तकनीकी माध्यमों से ट्रेस करके उनके स्वामियों को वापस सौंपा है।
जबलपुर: CEIR पोर्टल का प्रभावी उपयोग
जबलपुर पुलिस ने CEIR पोर्टल का उपयोग करते हुए 134 गुम मोबाइल फोन सफलतापूर्वक तलाशे और उन्हें संबंधित आवेदकों को लौटाया। इन मोबाइल की अनुमानित कीमत लगभग 23 लाख रुपये है।
सागर: विभिन्न राज्यों से ट्रेस किए गए मोबाइल
सागर पुलिस की साइबर टीम ने तकनीकी विश्लेषण और IMEI नंबरों के आधार पर 112 गुम मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 16 लाख 50 हजार रुपये है। इस कार्रवाई की खास बात यह है कि ट्रेस किए गए मोबाइल मध्यप्रदेश के विभिन्न जिलों के साथ-साथ अन्य राज्यों में भी उपयोग हो रहे थे।
खंडवा: 'ऑपरेशन सहयोग' के तहत 109 मोबाइल रिकवर
खंडवा पुलिस ने 'ऑपरेशन सहयोग' के तहत अपनी हालिया कार्रवाई में 109 गुम मोबाइल फोन रिकवर किए हैं, जिनकी कुल कीमत 20 लाख 48 हजार रुपये है। इन मोबाइल को उनके वास्तविक धारकों को वापस कर दिया गया है।
श्योपुर: 40 मोबाइल की वापसी
श्योपुर पुलिस ने भी कार्रवाई करते हुए 6 लाख रुपये की कीमत के 40 गुम मोबाइल फोन को तलाश कर उनके वास्तविक मालिकों के सुपुर्द किया है।
जीआरपी की संयुक्त कार्रवाई
इंदौर और उज्जैन: यात्री मोबाइल चोरी पर अंकुश
रेलवे पुलिस (जीआरपी) ने भी ट्रेनों में यात्रियों के मोबाइल चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए विशेष कार्रवाई की है। जीआरपी इंदौर ने आरपीएफ के साथ मिलकर की गई एक संयुक्त कार्रवाई में, यात्री मोबाइल चोरी करने वाले आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 9 एंड्रॉइड मोबाइल और 1 टैबलेट जब्त किए हैं, जिनकी कुल कीमत 1 लाख 88 हजार 689 रुपये है। वहीं, जीआरपी उज्जैन ने भी आरोपियों से 2 मोबाइल फोन और 8 हजार रुपये नकद बरामद किए हैं, जिनकी कुल कीमत 55 हजार रुपये है।
मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा तकनीकी संसाधनों का प्रभावी उपयोग और पुलिस बल की निरंतर मेहनत के माध्यम से गुम मोबाइल को ट्रेस कर उनके असली मालिकों तक पहुंचाने का अभियान पूरी गंभीरता से जारी है। यह कार्रवाई आम नागरिकों के लिए एक बड़ी राहत है, जो अक्सर अपने कीमती उपकरणों के खो जाने या चोरी हो जाने पर हताश हो जाते हैं। पुलिस इस अवसर पर नागरिकों को यह भी सलाह देती है कि वे सेकंड हैंड मोबाइल खरीदने से पहले Sanchar Saathi ऐप पर IMEI नंबर का सत्यापन अवश्य करें, ताकि चोरी अथवा गुम हुए मोबाइल की खरीद से बचा जा सके।
