कुलगाम में आतंकी हमला: छत्तीसगढ़ के दो मजदूरों की मौत, सुरक्षाबलों का तलाशी अभियान तेज
जम्मू-कश्मीर के कुलगाम में ईंट-भट्ठे पर हुए आतंकी हमले में छत्तीसगढ़ के दो मजदूरों की मौत हो गई है। हमले के बाद इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।

द क्लिफ न्यूज़ | 1 अगस्त 2026
जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले के केल्लम (कीलम) क्षेत्र में एक ईंट-भट्ठे पर शुक्रवार, 31 जुलाई की देर शाम हुए आतंकी हमले में छत्तीसगढ़ के दो प्रवासी मजदूरों की इलाज के दौरान मौत हो गई है। इस घटना ने पूरे देश में शोक की लहर दौड़ा दी है और एक बार फिर घाटी में गैर-स्थानीय श्रमिकों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शुक्रवार रात लगभग 8:30 बजे आतंकियों ने केल्लम स्थित एक ईंट-भट्ठे पर काम कर रहे मजदूरों पर अंधाधुंध गोलीबारी की। इस हमले में 24 वर्षीय दीपक रात्रे और 28 वर्षीय भोपिंदर गंभीर रूप से घायल हो गए थे। दीपक रात्रे की या तो मौके पर ही मौत हो गई या अस्पताल पहुँचने से पहले उनकी मृत्यु हो गई, जबकि भोपिंदर को श्रीनगर के एसकेआईएमएस (SKIMS) अस्पताल में भर्ती कराया गया था। चिकित्सकों के अथक प्रयासों के बावजूद, भोपिंदर भी उपचार के दौरान चल बसे।
सुरक्षाबलों का व्यापक तलाशी अभियान जारी
हमले के तुरंत बाद, जम्मू-कश्मीर पुलिस, सेना और केंद्रीय सुरक्षा बलों ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पूरे इलाके को घेर लिया और एक बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान शुरू कर दिया। सुरक्षा एजेंसियां हमलावरों की तलाश में आसपास के जंगलों और संदिग्ध ठिकानों पर लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं। अधिकारियों ने बताया है कि हमलावरों की पहचान और उन्हें गिरफ्तार करने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को अत्यंत कड़ी कर दिया गया है और उच्च सतर्कता बरती जा रही है।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया और संवेदनाएं
इस बर्बर आतंकी हमले की जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि निर्दोष नागरिकों पर हमला करने वाले आतंकवादियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने सुरक्षा एजेंसियों को दोषियों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई करने के स्पष्ट निर्देश दिए हैं।
वहीं, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने दोनों मजदूरों की दुखद मृत्यु पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य सरकार पीड़ित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है और उन्हें हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी।
यह घटना जम्मू-कश्मीर में काम कर रहे प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर चिंता का विषय बन गई है। सुरक्षा एजेंसियां हमले के पीछे सक्रिय आतंकवादियों और उनके नेटवर्क की पहचान करने के लिए गहन जांच कर रही हैं। केंद्र और राज्य सरकारें स्थिति की लगातार निगरानी कर रही हैं, जबकि आतंकियों की तलाश के लिए सर्च ऑपरेशन जारी है।
