कृषि मंडियों की आय और आवक पर एमपी राज्य कृषि विपणन बोर्ड की अहम वर्चुअल बैठक
भोपाल में श्री कुमार पुरुषोत्तम की अध्यक्षता में हुई बैठक में मंडियों की आय, ई-मंडी, वृक्षारोपण और अवैध व्यापार पर नियंत्रण के निर्देश दिए गए।

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 27 जुलाई 2026
मध्य प्रदेश राज्य कृषि विपणन बोर्ड ने आज 27 जुलाई 2026 को एक महत्वपूर्ण वर्चुअल बैठक का आयोजन किया, जिसकी अध्यक्षता प्रबंध संचालक श्री कुमार पुरुषोत्तम ने की। मंत्रालय वल्लभ भवन से आयोजित इस बैठक में प्रदेश की 259 मंडियों के सचिव, सातों आंचलिक कार्यालयों के संयुक्त संचालक और बोर्ड के अधिकारी-कर्मचारी शामिल हुए। बैठक का मुख्य एजेंडा मंडियों में होने वाली आवक और आय की समीक्षा तथा नवीन भूमि संरचना आवंटन नियमों पर चर्चा करना था।
बैठक के दौरान, मंडियों में ग्रेडिंग और सोर्सिंग यूनिट्स के निर्माण को निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए। यह कदम मंडियों में वस्तुओं की गुणवत्ता बढ़ाने और उन्हें बेहतर ढंग से व्यवस्थित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रयास है। इसके अतिरिक्त, आगामी वर्षा ऋतु को देखते हुए, अधिक से अधिक वृक्षारोपण अभियान चलाने पर जोर दिया गया, जो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बोर्ड की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
ई-मंडी योजना का सुदृढ़ीकरण और वाणिज्यिक व्यवहार
वर्चुअल बैठक में ई-मंडी और फार्म गेट पर होने वाले वाणिज्यिक व्यवहारों की गहन समीक्षा की गई। प्रबंध संचालक श्री पुरुषोत्तम ने इस बात पर बल दिया कि सभी वाणिज्यिक व्यवहार ई-मंडी प्लेटफॉर्म पर ही होने चाहिए, ताकि पारदर्शिता और दक्षता सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने ई-मंडी योजना को मूर्त रूप से क्रियान्वित करने और इसके प्रभावी कार्यान्वयन के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए। यह किसानों को अपनी उपज के लिए एक बड़ा और सुलभ बाजार प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
लक्ष्य प्राप्ति, अवैध व्यापार पर अंकुश और लेखा सत्यापन
बैठक में उन मंडी समितियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए, जिन्होंने अपने 20% लक्ष्य को अब तक अर्जित नहीं किया है। यह सुनिश्चित करेगा कि सभी समितियां अपने प्रदर्शन लक्ष्यों को पूरा करने के लिए प्रयासरत रहें। अवैध व्यापार पर व्यापक नियंत्रण रखने के लिए भी सख्त निर्देश जारी किए गए, ताकि मंडियों में अनुचित गतिविधियों पर अंकुश लगाया जा सके। इसके साथ ही, सभी लेखा सत्यापन कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा करने का आदेश दिया गया, जो वित्तीय प्रबंधन में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करेगा।
बैठक में ई-नाम और एगमार्क नेट योजनाओं पर समग्र रिपोर्टिंग करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि इन योजनाओं के कार्यान्वयन की प्रगति का मूल्यांकन किया जा सके और सुधार के लिए आवश्यक उपाय किए जा सकें। इस बैठक में अपर प्रबंध संचालक श्री अनुराग सक्सेना, अधीक्षण यंत्री श्री मधुकर पवार, अपर संचालक सुश्री संगीता ढोके, संयुक्त संचालक एसके कुमरे, नितिन कोले, उपसंचालक श्री अविनाश पाठ, श्रीमती रश्मि कश्यप, सहायक संचालक पीयूष शर्मा, योगेश नागले और मंडी बोर्ड के अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।
