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हरियाली तीज पर इटावा में मातृशक्ति का उल्लास: नृत्य, गायन और पारंपरिक गीतों से सजी महफिल

भारत विकास परिषद इटावा मित्रशाखा द्वारा आयोजित हरियाली तीज महोत्सव में महिलाओं ने झूला, मेहंदी, नृत्य और गायन जैसी गतिविधियों में उत्साहपूर्वक भाग लिया।

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हरियाली तीज पर इटावा में मातृशक्ति का उल्लास: नृत्य, गायन और पारंपरिक गीतों से सजी महफिल

द क्लिफ न्यूज़ | इटावा | 17 अगस्त 2026

भारत विकास परिषद, इटावा मित्रशाखा, पांचाल प्रान्त द्वारा सीपी कान्वेंट स्कूल, विष्णुहरिपुरम में हरियाली तीज महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। 15 अगस्त 2026 को संपन्न इस उत्सव में महिलाओं ने उल्लास के साथ विभिन्न सांस्कृतिक और पारंपरिक गतिविधियों में हिस्सा लिया, जिससे कार्यक्रम परिसर सावन के रंगों और खुशियों से सराबोर हो गया। लगभग एक सौ महिलाओं की उपस्थिति ने इस आयोजन को और भी खास बना दिया।

कार्यक्रम का संयोजन भारत विकास परिषद इटावा मित्रशाखा की गतिविधि संयोजिका (महिला सहभागिता) और सीपी कान्वेंट स्कूल की मैनेजर श्रीमती संगीता मिश्रा ने किया। मां भारती और स्वामी विवेकानंद के चित्रों पर माल्यार्पण तथा राष्ट्रगीत के सामूहिक गायन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ।

अतिथियों का सम्मान और मंच का सत्कार

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि पांचाल प्रान्त की गतिविधि संयोजिका (महिला सहभागिता) श्रीमती रीना राठौर का स्वागत श्रीमती संगीता मिश्रा ने पटका ओढ़ाकर और श्रीमती जयति गुप्ता ने बैज अलंकरण कर किया। उनके साथ उपस्थित सरकारी वरिष्ठ अधिवक्ता श्री शैलेन्द्र राठौर का भी शाखा पदाधिकारियों ने पटका पहनाकर अभिनंदन किया।

विशिष्ट अतिथि श्रीमती पूनम शर्मा, डायरेक्टर श्री बालाजी एजुकेशनल ट्रस्ट एवं समाजसेविका का सम्मान श्रीमती संगीता मिश्रा और सुश्री खुशी जैन ने पटका पहनाकर तथा बैज अलंकरण कर किया। पूर्व प्रान्तीय महिला संयोजिका श्रीमती नीलिमा चौधरी का सम्मान श्रीमती अपर्णा दीक्षित ने पटका ओढ़ाकर और सुश्री खुशी जैन ने पुष्प अर्पित कर किया, वहीं बैज अलंकरण श्रीमती मोना शर्मा द्वारा किया गया। मित्रशाखा के पीएसटी अध्यक्ष अरविन्द चौधरी, सचिव डॉ. अमित कुमार पाण्डेय और कोषाध्यक्ष नृपेन्द्र चौहान ने सम्मानित अतिथियों को पुस्तक और राष्ट्रगीत कैलेंडर भेंट किए।

सांस्कृतिक गतिविधियों से सजी महफिल

हरियाली तीज महोत्सव में महिलाओं ने पारंपरिक उत्सव की झलक प्रस्तुत करते हुए विभिन्न गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। झूला कार्यक्रम में श्रीमती रिंकी दीक्षित ने अपनी सहभागिता से उत्सव का आनंद बढ़ाया। इसके अतिरिक्त, महिलाओं ने मेहंदी रचाने, नृत्य करने, गायन प्रस्तुत करने और अन्य मनोरंजक इवेंट्स में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया, जिसने उपस्थित सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।

इस आयोजन के दौरान उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली महिलाओं को विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कृत भी किया गया। श्रीमती सुनीता गुप्ता को 'बेस्ट हरियाली तीज', श्रीमती विनीता दुबे को 'बेस्ट मेहंदी', श्रीमती मोना शर्मा को 'बेस्ट डांसर', श्रीमती स्वाती को 'बेस्ट सिंगर' और श्रीमती लक्ष्मी को 'बेस्ट होस्ट' के पुरस्कार से सम्मानित किया गया। महिलाओं ने इन गतिविधियों के साथ-साथ कुरकुरे, चिप्स और कोल्ड ड्रिंक का भी आनंद लिया। कार्यक्रम के समापन पर सभी सहभागियों के लिए रसगुल्ले, गरमागरम पनीर पकौड़ी और स्वादिष्ट चाय की व्यवस्था की गई थी।

धार्मिक और सामाजिक महत्व पर प्रकाश

कार्यक्रम के सचिव डॉ. अमित कुमार पाण्डेय ने हरियाली तीज महोत्सव के धार्मिक, पौराणिक और सामाजिक महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि हरियाली तीज, सावन माह में प्रकृति की हरियाली और भगवान शिव एवं माता पार्वती के पुनर्मिलन की स्मृति में मनाया जाने वाला एक महत्वपूर्ण पर्व है। यह पर्व सौभाग्य, प्रकृति प्रेम और दांपत्य जीवन की सुख-शांति का प्रतीक माना जाता है।

उन्होंने धार्मिक मान्यताओं का उल्लेख करते हुए कहा कि माता पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में पाने के लिए कठोर तपस्या की थी, जो सावन शुक्ल तृतीया के दिन सफल हुई और उनका भगवान शिव से पुनर्मिलन हुआ। इसी स्मृति में यह पर्व मनाया जाता है। इस अवसर पर सुहागिन महिलाएं पति की दीर्घायु और परिवार की सुख-समृद्धि की कामना से व्रत एवं पूजा करती हैं, जबकि कई स्थानों पर कुंवारी कन्याएं भी मनचाहे वर की प्राप्ति हेतु व्रत रखती हैं। सावन में प्रकृति के हरित रूप, वृक्षों की हरियाली और मनोहारी वातावरण के कारण इस पर्व का नाम 'हरियाली तीज' पड़ा। उन्होंने यह भी बताया कि इस पर्व की परंपराओं में हरे वस्त्र पहनना, हरी चूड़ियां पहनना, हाथों में मेहंदी रचाना, झूला झूलना और लोकगीत गाना प्रमुख हैं, जिनकी जीवंत झलक कार्यक्रम में देखने को मिली।

मातृशक्ति की भागीदारी और आयोजकों का आभार

कार्यक्रम में श्रीमती विनीता दुबे, राखी अनुराग गुप्ता, अरुणा शुक्ला, नीता सिंह, नंदा मित्रा, ज्योति राठौर, सरिता यादव, सुधा यादव, बकेवर से आईं सरोज चौधरी, अनु सिंह, शानू सिंह, तृप्ति सिंह, मोना शर्मा, पायल चतुर्वेदी, खुशी जैन, पूनम शर्मा, रेनू सिंह, निशा शुक्ला, अर्पणा चौधरी, अर्चना चौधरी, पूनम पाण्डे, पूनम यादव, ममता तिवारी, ममता दीक्षित, नीलम अग्निहोत्री और श्रद्धा मिश्रा सहित बड़ी संख्या में मातृशक्ति ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई।

इस अवसर पर जिला समन्वयक एवं पूर्व शाखा अध्यक्ष श्री जनमेजय पाण्डे, मेला मालिक परशुपुरा इटावा मुकेश चौधरी, वीर शिरोमणि प्रमोद दुबे, अरुण दुबे, राजीव राठौर, शिव-मोहन अग्निहोत्री, नीरज शुक्ला, जलसेवा प्रभारी जयवीर सिंह यादव, मित्रशाखा सचिव दीपेंद्र तिवारी, शाखा संयोजक सेवा अरुण पाराशर, शाखा संयोजक संपर्क नृपेन्द्र चतुर्वेदी, शाखा संयोजक संस्कार राहुल अग्निहोत्री और पूर्व शाखा उपाध्यक्ष राजीव रंजन तिवारी भी उपस्थित रहे। सीपी कान्वेंट स्कूल के डायरेक्टर विनय मिश्रा ने भी आयोजन के लिए सहयोग प्रदान किया, जिसके लिए आयोजकों ने उनका आभार व्यक्त किया।

कार्यक्रम का सफल संचालन भारत विकास परिषद इटावा मित्रशाखा की सदस्या सुश्री खुशी जैन एवं श्रीमती अपर्णा दीक्षित ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम की संयोजिका श्रीमती संगीता मिश्रा और मित्रशाखा अध्यक्ष अरविन्द चौधरी ने वार्षिक महिला कार्यक्रम की सफलता पर सभी मातृशक्तियों, अतिथियों और आगंतुकों के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया। आयोजकों ने कहा कि ऐसे आयोजन भारतीय संस्कृति, परंपराओं और सामाजिक सहभागिता को मजबूत करते हैं, साथ ही महिलाओं को अपनी प्रतिभा और रचनात्मकता प्रदर्शित करने का एक मंच प्रदान करते हैं। इस हरियाली तीज महोत्सव में सावन की हरियाली, भारतीय संस्कृति और मातृशक्ति के उत्साह का एक सुंदर संगम देखने को मिला।