हरिका द्रोणावल्ली ने व्यक्तिगत फोकस के लिए छोड़ी शतरंज ओलंपियाड
ग्रैंडमास्टर हरिका द्रोणावल्ली ने 2026 शतरंज ओलंपियाड से हटने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि टीम स्पर्धाओं में उनके लक्ष्य पूरे हो गए हैं।

हरिका द्रोणावल्ली ने बनाई व्यक्तिगत खेल पर ध्यान केंद्रित करने की योजना
ग्रैंडमास्टर हरिका द्रोणावल्ली ने उज्बेकिस्तान के समरकंद में होने वाली 2026 शतरंज ओलंपियाड के लिए भारतीय महिला टीम से हटने के अपने फैसले की पुष्टि की है। यह घोषणा कई लोगों को आश्चर्यचकित कर गई है, खासकर पिछली द्विवार्षिक प्रतियोगिता में टीम की स्वर्ण पदक जीत के बाद।
टीम ने हासिल किया था स्वर्ण पदक
दो साल पहले बुडापेस्ट में विजयी टीम की प्रमुख सदस्य रहीं हरिका द्रोणावल्ली ने कहा कि टीम स्पर्धाओं के लिए उनके उद्देश्य पूरे हो गए हैं। उनका यह रणनीतिक बदलाव अब व्यक्तिगत टूर्नामेंट में भाग लेने को प्राथमिकता देगा।
प्राथमिकताओं में बदलाव
TimesofIndia.com के साथ एक बातचीत में, द्रोणावल्ली ने 2026 शतरंज ओलंपियाड से बाहर रहने के अपने कारणों को समझाया। उन्होंने बताया कि टीम प्रारूप में स्वर्ण पदक जीतने की उनकी आकांक्षा पूरी हो गई है, और अब उनका प्रतिस्पर्धी ध्यान व्यक्तिगत उपलब्धियों और चुनौतियों की ओर निर्देशित है।
स्क्वाड की घोषणा
उज्बेकिस्तान के समरकंद में होने वाली 2026 शतरंज ओलंपियाड के लिए आधिकारिक स्क्वाड जारी कर दिए गए हैं। महिला टीम से द्रोणावल्ली की अनुपस्थिति ध्यान देने योग्य है, लेकिन अन्य मजबूत खिलाड़ियों का चयन प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में भारत की निरंतर महत्वाकांक्षा को दर्शाता है।
