गुना में कॉलोनाइजरों पर सख्ती, कलेक्टर ने जारी किए कड़े निर्देश
गुना कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने कॉलोनाइजरों द्वारा नियमों के उल्लंघन पर सख्त रुख अपनाया है। बिना मूलभूत सुविधाओं के कॉलोनी विकसित करने वालों के...

गुना | संवाददाता: राजा हतम वेग
द क्लिफ न्यूज़ | गुना | 22 अक्टूबर 2026
गुना जिले में कॉलोनियों के विकास में अनियमितताओं और नियमों के उल्लंघन को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रवैया अपनाया है। कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने कॉलोनाइजरों द्वारा मूलभूत सुविधाओं की कमी और निर्धारित नियमों की अवहेलना पर गहरी नाराजगी जताई है। उन्होंने निर्देश दिया है कि ऐसे कॉलोनाइजरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी जिन्होंने बिना अनुमति और आवश्यक सुविधाओं के कॉलोनियों का विकास किया है।
एक बैठक के दौरान, कलेक्टर ने कॉलोनाइजरों की अनुपस्थिति पर असंतोष व्यक्त किया और लंबित मामलों की समीक्षा के लिए बुधवार को एक पुनः बैठक बुलाई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
जांच दल को मिले कड़े निर्देश
कलेक्टर कन्याल ने एक विशेष जांच दल गठित करते हुए उन्हें कॉलोनियों से संबंधित सभी भूमि दस्तावेजों, टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (TCP) से प्राप्त अनुमतियों, रेरा (RERA) अधिनियम के प्रावधानों और भवन निर्माण संबंधी अनुमतियों की गहनता से पड़ताल करने का आदेश दिया है। उन्होंने इस बात पर चिंता व्यक्त की कि कई नागरिक प्लॉट खरीदने के बाद सड़क, बिजली और अन्य बुनियादी सुविधाओं से वंचित रह जाते हैं, जिससे उन्हें भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है।
नियमों का पालन करने वालों को प्रोत्साहन, उल्लंघन पर कार्रवाई
प्रशासन अब ऐसे नियमों का उल्लंघन करने वाली कॉलोनियों की एक विस्तृत सूची तैयार करेगा। कलेक्टर ने जोर देकर कहा कि जो बिल्डर निर्धारित नियमों का पालन करते हुए कार्य कर रहे हैं, उन्हें प्रोत्साहित किया जाएगा। वहीं, जो नियमों को दरकिनार कर रहे हैं, उनके खिलाफ नियमानुसार कड़ी से कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस बैठक में विभिन्न न्यायालयीन प्रकरणों और उन पर आए अदालती निर्णयों पर भी विस्तृत चर्चा की गई।
नागरिकों से सतर्क रहने की अपील
कलेक्टर ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी कॉलोनी में प्लॉट खरीदने से पूर्व वहां की सभी आवश्यक सरकारी अनुमतियों और उपलब्ध सुविधाओं की पूरी तरह से पुष्टि कर लें। उन्होंने यह भी कहा कि यदि कोई बिल्डर अपने वादों के अनुसार सुविधाएं प्रदान करने में विफल रहता है, तो पीड़ित नागरिक बिना देर किए प्रशासन के पास अपनी शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय पर उचित वैधानिक कार्रवाई की जा सके। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य शहरी विकास के दौरान नागरिकों के हितों की पूर्ण सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
