गुना में अवैध कॉलोनियों पर सख्त कार्रवाई, विशेष विंग गठित
गुना कलेक्टर ने अवैध कॉलोनियों के निर्माण पर कड़ा रुख अपनाया है। अब निर्माण से पहले अनुमति अनिवार्य होगी और जांच के लिए विशेष विंग...

गुना | संवाददाता: राजा हतम वेग
द क्लिफ न्यूज़ | गुना | 2 नवंबर 2026
गुना में प्रशासन ने अवैध कॉलोनियों के निर्माण के खिलाफ अपनी सख्ती बढ़ा दी है। कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने एक समीक्षा बैठक में स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि किसी भी कॉलोनी के विकास से पूर्व सभी आवश्यक सरकारी अनुमतियां प्राप्त करना अनिवार्य होगा। उन्होंने जोर दिया कि ऐसी कॉलोनियों का निर्माण भूमि की विवादित, शासकीय या आदिवासी समुदाय की श्रेणी में नहीं होना चाहिए।
इस मुद्दे पर गंभीरता से निपटने के लिए, नगर पालिका और कलेक्ट्रेट में एक विशेष जांच विंग का गठन किया जाएगा। यह विंग प्रत्येक सप्ताह अवैध निर्माणों की निगरानी करेगी और सुनिश्चित करेगी कि नियमों का उल्लंघन न हो। रघुनाथपुरा स्थित कान्हा लेक सिटी के मामले को अवैध घोषित किए जाने के बाद, कलेक्टर ने नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
त्योहारी सुरक्षा और कृषि संबंधी निर्देश
आगामी त्योहारों के मद्देनजर, प्रशासन ने सुरक्षा मानकों पर विशेष ध्यान केंद्रित किया है। सभी एसडीएम को निर्देशित किया गया है कि वे आतिशबाजी की दुकानों के लिए निर्धारित मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) का कड़ाई से पालन करवाएं। इसमें दुकानों के बीच पर्याप्त दूरी बनाए रखना और सुरक्षा के लिए टीन शेड की व्यवस्था सुनिश्चित करना शामिल है।
कृषि उपसंचालक को निर्देश दिए गए हैं कि वे खाद की उपलब्धता और वितरण के संबंध में किसानों को अद्यतन जानकारी प्रदान करने के लिए नियमित बुलेटिन जारी करें। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसानों को समय पर सटीक जानकारी मिले और वे भ्रमित न हों।
सीएम हेल्पलाइन और जन-विश्वास अभियान
बैठक में सीएम हेल्पलाइन के तहत लंबित शिकायतों की समीक्षा पर भी चर्चा हुई। कलेक्टर ने विभागीय अधिकारियों से व्यक्तिगत रूप से शिकायतों की समीक्षा करने और उनके गुणवत्तापूर्ण निराकरण पर जोर देने को कहा। मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान के तहत प्राप्त प्रकरणों की जानकारी निर्धारित गूगल शीट में समय-सीमा के भीतर दर्ज करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
गुना महोत्सव की भव्य तैयारी
आगामी गुना महोत्सव के आयोजन को लेकर भी प्रशासन ने अपनी विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत की। इस महोत्सव में भजन संध्या, कवि सम्मेलन और विभिन्न सांस्कृतिक व रचनात्मक गतिविधियों को शामिल किया जाएगा। कलेक्टर ने बताया कि इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य स्थानीय स्कूलों के छात्रों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए एक मंच प्रदान करना है। इसके अतिरिक्त, पारंपरिक परिधानों और लोक नृत्यों के माध्यम से प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। जिले के सभी विभागों को इस आयोजन को सफल बनाने के लिए आपसी समन्वय से कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं।
