गुना: आदिवासियों की जमीन हड़पने वाले भूमाफियाओं पर कार्रवाई, जमीनें शासकीय घोषित
गुना में भूमाफियाओं द्वारा आदिवासियों की जमीनें हड़पने के मामले में कलेक्टर ने सख्त कार्रवाई की है। जगनपुर और सिंगवासा गांवों की विवादित जमीनें अब...

गुना | संवाददाता: राजा हतम वेग
द क्लिफ न्यूज़ | गुना | 9 सितंबर 2026
गुना जिले में आदिवासियों की जमीनों पर अवैध कब्जे के प्रयास के खिलाफ प्रशासन ने एक बड़ी कार्रवाई की है। जिला कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल ने सिंगवासा और जगनपुर गांवों में आदिवासियों से गलत तरीके से खरीदी गई भूमि को शासकीय घोषित करने का आदेश जारी किया है। इस निर्णय से स्थानीय भूमाफियाओं में हड़कंप मच गया है।
कलेक्टर न्यायालय ने सुनवाई के दौरान पाया कि जमीन खरीद-फरोख्त के इस मामले में मध्य प्रदेश भू-राजस्व संहिता की धारा 165 और 182 का स्पष्ट उल्लंघन हुआ है। नियमों को ताक पर रखकर आदिवासियों की गरीब और कमजोर वर्ग की जमीनों को अपने नाम कराने का प्रयास करने वाले भूमाफियाओं के खिलाफ यह आदेश जारी किया गया है। प्रशासन ने इस अवैध खरीद को निरस्त करते हुए संबंधित भूखंडों को सरकारी संपत्ति घोषित कर दिया है।
अवैध खरीद की गई भूमि शासकीय घोषित
आदेश के अनुसार, ग्राम जगनपुर के पटवारी हल्का कुशमौदा क्षेत्र में स्थित सर्वे क्रमांक 13/2/2(s) की 1.1060 हेक्टेयर भूमि और सर्वे क्रमांक 13/2/3(s) की 0.6900 हेक्टेयर भूमि को अब सरकार के अधीन कर दिया गया है। इसी तरह, ग्राम सिंगवासा के पटवारी हल्का पिपरोदाखुर्द में सर्वे क्रमांक 438/2(s) की 1.2540 हेक्टेयर भूमि को भी शासकीय घोषित किया गया है। इन सभी जमीनों का मालिकाना हक अब सरकार के पास होगा।
भूमाफियाओं को कड़ा संदेश
यह कार्रवाई विशेष रूप से अखिलेश जैन सहित अन्य नामचीन कालोनाइजरों द्वारा की गई खरीद पर की गई है। कलेक्टर की इस कठोर कार्रवाई ने यह स्पष्ट संदेश दिया है कि आदिवासियों की जमीन हड़पने के किसी भी प्रयास को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जिला प्रशासन ने जोर देकर कहा है कि भविष्य में भी ऐसे मामलों में सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। इस फैसले से क्षेत्र में भूमाफियाओं की अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगने की उम्मीद जताई जा रही है।
