ग्राम प्रहरी गांवों के 'सीसीटीवी', सुरक्षा में उनकी भूमिका अहम: मुख्यमंत्री योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली में 5100 ग्राम प्रहरियों को सम्मानित करते हुए कहा कि वे गांवों की सुरक्षा में सीसीटीवी की तरह सतर्क रहें...

बरेली उत्तर प्रदेश | संवाददाता: इज़हार आलम
द क्लिफ न्यूज़ | बरेली | 13 अक्टूबर 2026
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि उत्तर प्रदेश में ग्राम प्रहरी गांवों की सुरक्षा व्यवस्था में ठीक उसी प्रकार की भूमिका निभाते हैं, जिस प्रकार शहरों में सीसीटीवी कैमरे निभाते हैं। उन्होंने जोर दिया कि इन प्रहरियों को सतर्क रहते हुए किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना समय पर पुलिस को देनी चाहिए, ताकि अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सके। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली में एक भव्य समारोह में प्रदेश के विभिन्न जनपदों से आए लगभग 5100 ग्राम प्रहरियों को सम्मानित किया।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर ग्राम प्रहरियों के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि गांवों में होने वाली किसी भी असामान्य या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी स्थानीय पुलिस तक तत्काल पहुंचना अत्यंत आवश्यक है। यदि किसी व्यक्ति की गतिविधियां संदिग्ध लगती हैं या किसी अप्रिय घटना की आशंका होती है, तो ग्राम प्रहरी को तुरंत थाना प्रभारी अथवा संबंधित हल्का दरोगा को सूचित करना चाहिए। समय पर सूचना मिलने से पुलिस को त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करने का अवसर मिलता है, जिससे किसी भी अनहोनी घटना को रोका जा सकता है। इसके लिए पुलिस और ग्राम प्रहरियों के बीच समन्वय और टीम भावना से कार्य करना महत्वपूर्ण है।
ग्राम प्रहरियों और पुलिस के बीच साप्ताहिक बैठकें
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सुझाव दिया कि प्रत्येक थाना प्रभारी और हल्का दरोगा को सप्ताह में कम से कम एक बार ग्राम प्रहरियों के साथ बैठक आयोजित करनी चाहिए। इन बैठकों का उद्देश्य गांवों से प्राप्त होने वाली सूचनाओं का संकलन करना और स्थानीय समस्याओं के निवारण के लिए तत्परता से कदम उठाना होना चाहिए। इस प्रकार की नियमित बैठकों से न केवल अपराध नियंत्रण को बल मिलेगा, बल्कि महिलाओं, बालिकाओं और समाज के कमजोर वर्गों की सुरक्षा भी अधिक मजबूत होगी।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि वर्ष 2017 से पहले ग्राम प्रहरियों की भूमिका और उनकी सुविधाओं की ओर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया था। वर्तमान प्रदेश सरकार ने इस व्यवस्था को सुदृढ़ करने और ग्राम प्रहरियों को उनके महत्वपूर्ण योगदान के अनुरूप सम्मान प्रदान करने का कार्य किया है। उन्होंने पूर्व में ग्राम प्रहरियों के मानदेय में की गई वृद्धि का भी उल्लेख किया और कहा कि गांवों की सुरक्षा में उनका योगदान अमूल्य है और इसे कभी भी कम करके नहीं आंका जा सकता।
सुरक्षा व्यवस्था में सकारात्मक बदलाव
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था में वर्ष 2017 के बाद आए व्यापक सकारात्मक बदलावों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने पुलिस व्यवस्था में किए गए सुधारों, पुलिसकर्मियों को बेहतर प्रशिक्षण और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने तथा ग्राम प्रहरियों और पीआरडी जवानों की भूमिका को और अधिक प्रभावी बनाने हेतु उठाए गए कदमों का विशेष रूप से वर्णन किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बेहतर कानून-व्यवस्था के परिणामस्वरूप लोगों में सुरक्षा की भावना मजबूत हुई है, जिसका सीधा और सकारात्मक प्रभाव प्रदेश की छवि, व्यापार और निवेश पर भी पड़ा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में 'डबल इंजन' सरकार ने उत्तर प्रदेश के प्रति देश-दुनिया की धारणा को बदलने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की है। शारदीय नवरात्र की तृतीया तिथि पर उन्होंने उल्लेख किया कि प्रदेश में उत्सवों और उल्लास का यह माहौल सुरक्षा के प्रति नागरिकों के बढ़े हुए विश्वास का प्रमाण है। मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे स्थानीय सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा पुलिस विभाग में रिक्त पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया में तेजी लाएं। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुरेश खन्ना, धर्मपाल सिंह, राज्य मंत्री डॉ. अरुण कुमार एवं अन्य जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।
