बिजली चोरी की जांच टीम पर हमला: रोडवेज कर्मी गिरफ्तार, भारी जुर्माना
फर्रुखाबाद में बिजली चोरी की जांच टीम पर हमले के मुख्य आरोपी रोडवेज कर्मी सुभाष चंद्र को गिरफ्तार किया गया। जेई के हाथ में फ्रैक्चर...

फर्रुखाबाद | संवाददाता: संदीप तिवारी
द क्लिफ न्यूज़ | फर्रुखाबाद | 10 सितंबर 2026
फर्रुखाबाद में बिजली चोरी की जांच के दौरान विद्युत विभाग की टीम पर हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी रोडवेज कर्मी सुभाष चंद्र अहिरवार को गिरफ्तार कर लिया है। इस हिंसक घटना में अवर अभियंता (जेई) मुख्तार हुसैन के हाथ में गंभीर चोट आई है, जिसकी एक्सरे रिपोर्ट में हड्डी टूटने की पुष्टि हुई है।
घटना सोमवार को लोको रोड स्थित रोडवेज कर्मी सुभाष चंद्र अहिरवार के आवास पर हुई। एसडीओ अजय कुमार और जेई मुख्तार हुसैन अपनी टीम के साथ बिजली चोरी की शिकायत के सत्यापन के लिए पहुंचे थे। इसी दौरान आरोपियों ने टीम पर हमला कर दिया। इस हमले के बाद जेई संगठन ने तुरंत जिलाधिकारी और एएसपी से मुलाकात कर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की थी।
जेई के हाथ में फ्रैक्चर, पुलिस ने दर्ज की सख्त धाराएं
फतेहगढ़ पुलिस ने मुखबिर की सूचना के आधार पर मुख्य आरोपी सुभाष चंद्र को लोहिया अस्पताल से हिरासत में लिया। पुलिस उसे मेडिकल जांच के लिए ले जाने की तैयारी कर रही थी, तभी उसे गिरफ्तार कर लिया गया। फतेहगढ़ कोतवाल विजय सिंह ने बताया कि मेडिकल रिपोर्ट में फ्रैक्चर की पुष्टि होने के बाद प्राथमिकी में और अधिक सख्त धाराओं को जोड़ा जाएगा। मुख्य आरोपी का चालान कर दिया गया है।
बेटे सहित चार अज्ञात की तलाश जारी
पुलिस फिलहाल घटना में शामिल आरोपी के बेटे रजत और चार अन्य अज्ञात व्यक्तियों की तलाश में जुटी हुई है। संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है ताकि अन्य फरार आरोपियों को जल्द से जल्द पकड़ा जा सके।
विद्युत विभाग ने ठोका भारी जुर्माना, कनेक्शन काटने की प्रक्रिया शुरू
इस हमले के बाद विद्युत विभाग ने भी कड़ा रुख अपनाया है। विभाग ने आरोपी रोडवेज कर्मी सुभाष चंद्र के खिलाफ एक लाख चौबीस हजार आठ सौ अट्ठाईस रुपये का जुर्माना नोटिस थमाया है। जेई मुख्तार हुसैन ने बताया कि जुर्माना नोटिस भेजने के साथ ही आरोपी के घर का बिजली कनेक्शन काटने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। जब तक जुर्माने की पूरी राशि जमा नहीं हो जाती, तब तक उस परिसर की बिजली आपूर्ति बहाल नहीं की जाएगी।
