भोपाल में नशा मुक्ति मैराथन: 6 हजार नागरिकों ने लिया स्वस्थ समाज का संकल्प
भोपाल में 'Run For Life – नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0' मैराथन का आयोजन किया गया, जिसमें लगभग 6 हजार नागरिकों ने नशामुक्त समाज निर्माण का संकल्प लिया।

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 26 जुलाई 2026
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में आज एक वृहद जन-जागरूकता मैराथन का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों नागरिकों ने भाग लेकर नशामुक्त, स्वस्थ एवं सुरक्षित समाज के निर्माण का संकल्प लिया। 'Run For Life – नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0' नाम की इस मैराथन का आयोजन भोपाल पुलिस कमिश्नरेट द्वारा प्रदेशव्यापी 'नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0' अभियान के तहत किया गया। टी.टी. नगर स्टेडियम से शुरू हुई इस दौड़ में युवाओं से लेकर वरिष्ठ नागरिकों तक, विभिन्न वर्गों के लगभग 6 हजार लोगों ने हिस्सा लिया।
इस मैराथन का मुख्य उद्देश्य युवाओं और आमजन को नशे के गंभीर दुष्परिणामों के प्रति सचेत करना तथा उन्हें एक स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, खिलाड़ियों, सामाजिक एवं स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधियों, नगर रक्षा समिति के सदस्यों, पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों सहित बड़ी संख्या में आम नागरिकों की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखी गई। दौड़ में भाग लेने वालों ने अपने कदमताल से यह संदेश दिया कि एक नशामुक्त समाज का निर्माण केवल सामूहिक प्रयासों से ही संभव है।
मैराथन में विभिन्न वर्गों की सहभागिता
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मार्गदर्शन और पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाणा के निर्देशन में चलाए जा रहे 'नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0' अभियान को इस मैराथन के माध्यम से एक नई गति मिली। आयोजन में विद्यार्थियों, खिलाड़ियों, विभिन्न सामाजिक और स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ-साथ पुलिस विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। यह भागीदारी दर्शाती है कि नशा मुक्ति का यह अभियान जन-जन तक पहुंच रहा है और इसे व्यापक जनसमर्थन मिल रहा है।
मैराथन का आयोजन तीन श्रेणियों में किया गया था: 2 किलोमीटर वॉकथॉन, 5 किलोमीटर रन और 10 किलोमीटर मैराथन। विभिन्न दूरियों के माध्यम से सभी आयु वर्ग और शारीरिक क्षमता वाले लोगों को इस अभियान से जुड़ने का अवसर मिला। अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (नारकोटिक्स) श्री डी. श्रीनिवास वर्मा, पुलिस आयुक्त भोपाल श्री संजय कुमार, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त श्रीमती मोनिका शुक्ला, अतिरिक्त पुलिस आयुक्त श्री शैलेन्द्र सिंह चौहान, पुलिस उपायुक्त श्री अखिल पटेल, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त श्रीमती नीतू ठाकुर, और अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त श्रीमती रश्मि अग्रवाल दुबे सहित पुलिस विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी भी मैराथन में उपस्थित रहे, जो इस अभियान के प्रति प्रशासन की गंभीरता को दर्शाता है।
नशा मुक्ति की दिलाई गई शपथ
मैराथन के समापन अवसर पर, पुलिस आयुक्त भोपाल श्री संजय कुमार ने सभी प्रतिभागियों को नशा मुक्ति की सामूहिक शपथ दिलाई। उन्होंने सभी से आह्वान किया कि वे स्वयं नशे से दूर रहने के साथ-साथ समाज को भी इस बुराई से मुक्त कराने में सक्रिय भूमिका निभाएं। इस अवसर पर विभिन्न श्रेणियों में विजयी प्रतिभागियों को मेडल और प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया, जिससे प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन हुआ।
कार्यक्रम में भाग लेने वाले सभी विद्यार्थियों, खिलाड़ियों, स्वयंसेवी संस्थाओं, सामाजिक संगठनों, नगर रक्षा समिति के सदस्यों और आम नागरिकों का आभार व्यक्त किया गया, जिन्होंने इस मैराथन को सफल बनाया। साथ ही, प्रदेशवासियों से नशे के विरुद्ध चलाए जा रहे जनजागरूकता अभियान में सक्रिय सहभागिता निभाने की अपील की गई, ताकि एक स्वस्थ, सुरक्षित और नशामुक्त मध्यप्रदेश का निर्माण किया जा सके।
मैराथन के विजेताओं का सम्मान
इस मैराथन में विभिन्न श्रेणियों में विजेताओं का चयन किया गया, जिन्हें पुरस्कृृत किया गया:
10 किलोमीटर दौड़:
- 45 वर्ष से अधिक पुरुष वर्ग: प्रथम श्री संजय कुमार (पुलिस आयुक्त भोपाल), द्वितीय श्री भगवान सिंह।
- 45 वर्ष से कम महिला वर्ग: प्रथम रमा यादव, द्वितीय शीतल रजत।
- 45 वर्ष से कम पुरुष वर्ग: प्रथम श्री मंगल बघेल, द्वितीय श्री उदय प्रताप तोमर।
5 किलोमीटर दौड़:
- 45 वर्ष से अधिक महिला वर्ग: प्रथम श्रीमती मोनिका शुक्ला (अतिरिक्त पुलिस आयुक्त, भोपाल)।
- 45 वर्ष से अधिक पुरुष वर्ग: प्रथम श्री राजेन्द्र सिंह।
- 45 वर्ष से कम महिला वर्ग: प्रथम निकिता मिश्रा, द्वितीय शकुंतला केवट।
- 45 वर्ष से कम पुरुष वर्ग: प्रथम श्री सूरज लोधी, द्वितीय श्री मोहित यादव।
यह मैराथन न केवल स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का एक माध्यम बनी, बल्कि इसने सामाजिक उत्तरदायित्व को निभाने और नशामुक्त समाज के निर्माण में जनसहभागिता के महत्व को भी रेखांकित किया। 'नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0' अभियान के अंतर्गत आयोजित यह कार्यक्रम प्रदेशवासियों के बीच नशामुक्त मध्यप्रदेश के संकल्प को और मजबूत करेगा।
