BREAKING
Revolutionary climate technology breakthrough announced • Championship finals draw record 150M+ viewers • Global markets surge following policy changes • New discovery in quantum computing promises faster processors
The Cliff News
Regional

भोपाल: मंगलसूत्र छीनने वाली महिला गैंग का पर्दाफाश, 2 लाख का माल बरामद

अयोध्यानगर पुलिस ने मंगल मार्केट में महिला से मंगलसूत्र छीनने वाली दो महिलाओं को पकड़ा। आरोपी महाराष्ट्र की रहने वाली हैं और घरों में भी चोरी की वारदातों को अंजाम देती थीं।

Few hours ago
4 मिनट में पढ़ें
भोपाल: मंगलसूत्र छीनने वाली महिला गैंग का पर्दाफाश, 2 लाख का माल बरामद

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 20 अगस्त 2026

भोपाल पुलिस ने भीड़भाड़ वाले इलाकों में सक्रिय महिला चोरों के एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश किया है जो महिलाओं को निशाना बनाकर उनके गहने छीन लेते थे। अयोध्यानगर थाना पुलिस ने मंगल मार्केट में एक महिला को धक्का देकर उसके गले से मंगलसूत्र छीनकर भाग रही दो आरोपी महिलाओं को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से लगभग 2 लाख रुपये कीमत का 15 ग्राम वजनी मंगलसूत्र बरामद किया है। यह गिरोह खासकर भीड़ का फायदा उठाकर अपनी वारदातों को अंजाम देता था।

भोपाल शहर में लगातार बढ़ रही चोरी, लूट और ठगी की घटनाओं के मद्देनजर पुलिस आयुक्त संजय कुमार और अतिरिक्त पुलिस आयुक्त शैलेन्द्र सिंह चौहान ने भीड़भाड़ वाले बाजारों, हाट, धार्मिक आयोजनों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में, पुलिस उपायुक्त जोन-02 विकास सहवाल के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त मिनी शुक्ला के पर्यवेक्षण और सहायक पुलिस आयुक्त एम.पी. नगर संभाग रजनीश कश्यप के मार्गदर्शन में अयोध्यानगर पुलिस ने यह महत्वपूर्ण कार्रवाई की।

योजनाबद्ध तरीके से की गई वारदात

प्राप्त जानकारी के अनुसार, 19 अगस्त 2026 की रात लगभग 10:30 बजे, 53 वर्षीय राधा अहिरवार, जो इको ग्रीन सिटी, भोपाल की निवासी हैं, साप्ताहिक मंगल मार्केट में सब्जी खरीदने गई थीं। इसी दौरान, भीड़ में मौजूद दो अज्ञात महिलाओं ने सुनियोजित तरीके से उनके आगे-पीछे आकर उन्हें धक्का दिया, जिससे वे जमीन पर गिर गईं। इसी मौके का फायदा उठाकर, आरोपियों ने उनके गले से सोने का मंगलसूत्र झपट लिया और भीड़ का लाभ उठाकर भागने लगीं।

पीड़िता की चीख-पुकार सुनकर, मंगल मार्केट में ड्यूटी पर तैनात पुलिस की एक टीम तुरंत सक्रिय हो गई। पुलिसकर्मियों ने आसपास के लोगों की मदद से भाग रही दोनों महिलाओं का पीछा किया और उन्हें पकड़ने में सफलता प्राप्त की। तलाशी लेने पर, पुलिस को पीड़िता का छीना हुआ मंगलसूत्र आरोपियों के पास से बरामद हुआ।

महाराष्ट्र से संचालित हो रहा था गिरोह

गिरफ्तार की गई दोनों आरोपी महिलाओं की पहचान जयश्री अनिल सोनोने (30) और अरुणा संदीप मराठा (35) के रूप में हुई है। प्रारंभिक पूछताछ में पता चला है कि दोनों महिलाएं महाराष्ट्र के बुलढाणा जिले के शेगांव की रहने वाली हैं। पुलिस सूत्रों के अनुसार, ये महिलाएं मुख्य रूप से घरों में झाड़ू-पोछा करने का काम करती हैं और इसी बहाने वे भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं को निशाना बनाकर ज्वेलरी छीनने की वारदातों को अंजाम देती थीं।

पुलिस को यह भी आशंका है कि आरोपी महिलाएं पॉश कॉलोनियों में घरेलू सहायिका बनकर घरों में घुसपैठ कर वहां भी चोरी की घटनाओं को अंजाम देती होंगी। वर्तमान में, पुलिस दोनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है, ताकि उनके आपराधिक नेटवर्क का विस्तार, पूर्व में की गई अन्य वारदातों और उनके संभावित साथियों के बारे में जानकारी जुटाई जा सके। यह गिरोह भोपाल के अलावा अन्य शहरों में भी सक्रिय हो सकता है, जिसकी जांच की जा रही है।

आर्थिक मूल्य और कानूनी कार्रवाई

बरामद किए गए मंगलसूत्र का वजन लगभग 15 ग्राम है और इसकी अनुमानित कीमत करीब 2 लाख रुपये बताई जा रही है। इस घटना के संबंध में थाना अयोध्यानगर में अपराध क्रमांक 418/26 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 309(2) और 3(5) बीएनएस (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आगे की जांच कर रही है ताकि इस गिरोह के अन्य सदस्यों का भी पता लगाया जा सके और उनकी अब तक की गई अन्य चोरियों का भी खुलासा हो सके।

यह घटना इस बात पर प्रकाश डालती है कि कैसे संगठित गिरोह सुनियोजित तरीके से आम नागरिकों को निशाना बनाते हैं। ऐसे गिरोहों के खिलाफ पुलिस की सक्रियता अत्यंत महत्वपूर्ण है। अयोध्यानगर पुलिस की त्वरित कार्रवाई और तत्परता ने न केवल पीड़ित को न्याय दिलाने में मदद की, बल्कि भविष्य में होने वाली ऐसी वारदातों को रोकने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम भी साबित हुई है।

पुलिस की सतर्कता जारी

इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक महेश लिल्हारे, उनि. रामराज सिंह बघेल, उनि. सुरेखा आर्मो, उनि. विजय सिंह, सउनि. मनोज सिंह कछवाहा, प्रधान आरक्षक 3330 अतुल सिंह, मप्रआर 1706 रोशनी जैन, महिला आरक्षक वीणा चतुर्वेदी, आरक्षक 334 हतेन्द्र सगर और आरक्षक विवेक सहित पुलिस टीम के कई सदस्यों की सराहनीय भूमिका रही। उनकी सूझबूझ और तत्परता ने अपराधियों को तुरंत पकड़ने में मदद की।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि भीड़भाड़ वाले इलाकों में सक्रिय ऐसे गिरोहों के खिलाफ कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी। उन्होंने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे बाजारों, धार्मिक स्थलों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर अपने कीमती सामानों, विशेषकर आभूषणों के प्रति अतिरिक्त सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें। नागरिकों की सतर्कता और पुलिस का सहयोग, अपराधों पर अंकुश लगाने में सबसे प्रभावी साबित होता है। यह घटना इस बात का भी संकेत है कि सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था को और भी मजबूत करने की आवश्यकता है।