भोपाल: आवासीय संपत्तियों के व्यावसायिक उपयोग पर निगम का कसा शिकंजा, 21 जोन में होगा सर्वे
भोपाल नगर निगम ने रिहायशी इलाकों में व्यावसायिक गतिविधियों के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। अब शहर के सभी 21 जोन में सर्वे किया जाएगा, और नियमों का उल्लंघन मिलने पर मौके पर ही नोटिस जारी किया जाएगा।

द क्लिफ न्यूज़ | भोपाल | 11 अगस्त 2026
भोपाल नगर निगम ने शहर में आवासीय संपत्तियों के व्यावसायिक उपयोग के खिलाफ अपनी कार्रवाई को और व्यापक बनाने का निर्णय लिया है। पहले चरण में कुछ चुनिंदा भवनों पर कार्रवाई के बाद, अब नगर निगम शहर के सभी 21 जोन में गहन सर्वे कराने की तैयारी में है। इस सर्वे का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि कहीं आवासीय भवनों का नियमों के विपरीत व्यावसायिक गतिविधियों के लिए तो उपयोग नहीं हो रहा है।
इस सर्वेक्षण के तहत, नगर निगम की टीमें गली-मोहल्लों और कॉलोनियों तक पहुंचकर एक-एक संपत्ति की जांच करेंगी। यदि सर्वे में किसी भी आवासीय भवन में नियमों का उल्लंघन पाया जाता है, तो संबंधित संपत्ति के मालिक को मौके पर ही नोटिस जारी किया जाएगा। यह कदम रिहायशी इलाकों में बढ़ते अवैध व्यावसायिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।
व्यापक सर्वे और उल्लंघन पर तत्काल नोटिस
नगर निगम की योजना के अनुसार, यह सर्वे शहर के हर कोने में आयोजित किया जाएगा, ताकि किसी भी संभावित उल्लंघन से बचा जा सके। निगम का अनुमान है कि बड़ी संख्या में ऐसी संपत्तियां हैं जिनका उपयोग उनके स्वीकृत आवासीय उद्देश्य से हटकर व्यावसायिक कार्यों के लिए किया जा रहा है। सर्वे के दौरान पाए गए उल्लंघनों के लिए तत्काल कार्रवाई की जाएगी, जिसमें मौके पर ही नोटिस तामील कराना शामिल है।
यह कार्रवाई व्यापारियों के बीच कुछ हद तक नाराजगी का कारण बन रही है, वहीं दूसरी ओर, कई निवासी कल्याण समितियां अवैध व्यावसायिक गतिविधियों और अनधिकृत निर्माण के खिलाफ निगम की कार्रवाई का समर्थन कर रही हैं और मांग कर रही हैं कि ऐसे मामलों पर सख्ती बरती जाए।
न्यायालय की समय सीमा का भी है दबाव
नगर निगम की यह कार्रवाई सुप्रीम कोर्ट में प्रस्तुत की जाने वाली एक रिपोर्ट से भी जुड़ी हुई है। निगम को 15 सितंबर तक की गई कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट न्यायालय में पेश करनी है। इस समय सीमा को देखते हुए, नगर निगम अपनी सर्वे और अनुपालन की प्रक्रिया को तेज करने के लिए प्रतिबद्ध है।
आगे की कार्रवाई की रूपरेखा
नगर निगम की आगामी कार्रवाई की रूपरेखा व्यापक सर्वे, नोटिस जारी करना, नियमों के अनुसार सुधार या अनुपालन सुनिश्चित करना और यदि आवश्यक हुआ तो सीलिंग जैसी कठोर कार्रवाई की ओर इशारा करती है। यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि प्रत्येक संपत्ति के मामले में कार्रवाई उसके स्वीकृत उपयोग, स्थानीय नियमों और संबंधित न्यायिक अथवा प्रशासनिक आदेशों पर निर्भर करेगी।
