भिंड: स्कूल बसों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी पर 4 बसें जब्त, चालकों को दी गई इमरजेंसी ट्रेनिंग
भिंड में स्कूली विद्यार्थियों की सुरक्षा के मद्देनजर जिला परिवहन विभाग और यातायात पुलिस ने माउंट लिटेरा व मॉडल स्कूल में सघन चेकिंग अभियान चलाया। इस दौरान सुरक्षा मानकों में लापरवाही पाए जाने पर चार स्कूल बसों को जब्त कर लिया गया।

संवाददाता: दीपेंद्र बोहरे
द क्लिफ न्यूज़ | 24 अगस्त 2026
भिंड जिले में स्कूली वाहनों की सुरक्षा को लेकर परिवहन विभाग और यातायात पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। सोमवार को जिला परिवहन अधिकारी राजेंद्र सोनी और जिला यातायात प्रभारी राघवेंद्र भार्गव के नेतृत्व में एक संयुक्त टीम ने माउंट लिटेरा स्कूल और मॉडल स्कूल के परिसर में पहुँचकर स्कूल बसों की गहन जांच की। इस औचक निरीक्षण के दौरान, सुप्रीम कोर्ट द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों और अन्य दस्तावेजों के अनुपालन में व्यापक खामियां पाई गईं, जिसके चलते चार स्कूल बसों को तत्काल जब्त कर लिया गया। जब्त की गई बसों को देहात थाने में खड़ा करवाया गया है।
जांच अभियान का मुख्य उद्देश्य स्कूली विद्यार्थियों की यात्रा को सुरक्षित बनाना है। अधिकारियों ने जब्त की गई बसों के परमिट, फिटनेस प्रमाण-पत्र, प्रदूषण नियंत्रण प्रमाण-पत्र (PUC), बीमा, चालकों के लाइसेंस और उनके चरित्र सत्यापन जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेजों का बारीकी से परीक्षण किया। इसके अतिरिक्त, बसों में अनिवार्य सुरक्षा उपकरणों की उपलब्धता और उनकी कार्यक्षमता की भी जांच की गई। इसमें फर्स्ट एड बॉक्स, स्पीड गवर्नर, आपातकालीन निकास (इमरजेंसी एग्जिट), अटेंडर की उपस्थिति और अग्निशमन यंत्रों (फायर एक्सटिंग्विशर) की स्थिति शामिल थी।
सुरक्षा और प्रशिक्षण पर विशेष जोर
केवल दस्तावेजों की जांच तक ही कार्रवाई सीमित नहीं रही। अधिकारियों ने बस चालकों को आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया। अग्निशमन यंत्रों को चलाने का तरीका सिखाया गया, ताकि किसी भी अप्रिय घटना या दुर्घटना की स्थिति में बच्चों की जान बचाई जा सके। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य चालकों को आपातकाल के दौरान त्वरित और प्रभावी कार्रवाई करने के लिए तैयार करना था।
स्कूल प्रबंधन को सख्त निर्देश
जिला परिवहन अधिकारी राजेंद्र सोनी ने स्पष्ट किया कि बच्चों की सुरक्षा के मामले में किसी भी तरह की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्कूल प्रबंधन और बस संचालकों को सुप्रीम कोर्ट और राज्य सरकार द्वारा जारी की गई सभी सुरक्षा गाइडलाइंस का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही, पाई गई सभी कमियों को तत्काल दूर करने के लिए कहा गया है। अधिकारियों ने जोर देकर कहा कि विद्यार्थियों की सुरक्षा उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस दिशा में औचक निरीक्षणों का यह सघन अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा। इस कार्रवाई में परिवहन उप-निरीक्षक अशोक शर्मा सहित आरटीओ कार्यालय और यातायात पुलिस का स्टाफ भी शामिल रहा।
