BREAKING
Revolutionary climate technology breakthrough announced • Championship finals draw record 150M+ viewers • Global markets surge following policy changes • New discovery in quantum computing promises faster processors
The Cliff News
Regional

भिंड में सीएमओ का औचक निरीक्षण: वार्ड 39 की सुविधाओं का लिया जायजा, दिए निर्देश

भिंड सीएमओ वीरेंद्र चक्रवर्ती ने वार्ड 39 का निरीक्षण कर नागरिक सुविधाओं, निर्माण कार्यों और पेयजल व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने तत्काल सुधार के निर्देश दिए।

Few hours ago
4 मिनट में पढ़ें
संवाददाता: दीपेन्द्र बोहरे
भिंड में सीएमओ का औचक निरीक्षण: वार्ड 39 की सुविधाओं का लिया जायजा, दिए निर्देश

संवाददाता: दीपेन्द्र बोहरे

द क्लिफ न्यूज़ | भिंड | 8 सितंबर 2026

भिंड नगर पालिका के मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) वीरेंद्र चक्रवर्ती ने कलेक्टर किरोड़ी लाल मीणा के निर्देशानुसार, शहर के वार्ड क्रमांक 39 का एक औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने नागरिक सुविधाओं, विभिन्न निर्माण कार्यों और नगर पालिका से संबंधित अन्य समस्याओं का गहनता से जायजा लिया। सीएमओ ने निरीक्षण के दौरान मौजूद कर्मचारियों को यथाशीघ्र कार्रवाई करने के सख्त निर्देश जारी किए, ताकि नागरिकों को मूलभूत सुविधाओं के मामले में किसी प्रकार की असुविधा न हो।

निरीक्षण के दौरान सीएमओ वीरेंद्र चक्रवर्ती के साथ वार्ड के पार्षद मनोज अग्रवाल तथा नगर पालिका का पूरा प्रशासनिक अमला भी उपस्थित रहा। इस औचक निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य वार्ड में व्याप्त समस्याओं को सीधे तौर पर समझना और उनके त्वरित समाधान की दिशा में कदम बढ़ाना था। सीएमओ ने विशेष रूप से उन निर्माण कार्यों पर ध्यान केंद्रित किया जो नियमों के तहत नहीं हो रहे थे। यह निरीक्षण, जो किरोड़ी लाल मीणा, भिंड के कलेक्टर (जिन्होंने 30 सितंबर 2025 को पदभार ग्रहण किया था), के निर्देशानुसार हुआ, नगर पालिका के विभिन्न पहलुओं की जमीनी हकीकत जानने का एक प्रयास था। वीरेंद्र चक्रवर्ती ने 1 सितंबर 2026 को ही भिंड नगर पालिका के मुख्य नगर पालिका अधिकारी का पदभार संभाला था, और यह उनका एक प्रारंभिक और महत्वपूर्ण कदम था।

निर्माणाधीन भवनों की अनुमति पर विशेष ध्यान

सीएमओ वीरेंद्र चक्रवर्ती ने वार्ड में चल रहे निर्माणाधीन मकानों की विस्तृत जांच के निर्देश दिए। उन्होंने विशेष रूप से के.के. भट्टा गली में एक निर्माणाधीन मकान की स्वीकृति और निर्माण अनुमति (बिल्डिंग परमिशन) के दस्तावेजों की तत्काल जांच करने का आदेश दिया। इस निर्देश के पीछे यह सुनिश्चित करना था कि कहीं कोई निर्माण बिना उचित अनुमति या नियमों का उल्लंघन कर तो नहीं किया जा रहा है। यदि नियमों के विपरीत कोई निर्माण पाया जाता है, तो सख्त कार्रवाई करने की चेतावनी दी गई है। मध्य प्रदेश में ऑनलाइन बिल्डिंग परमिशन के लिए ऑटोमेटेड बिल्डिंग प्लान अप्रूवल सिस्टम (ABPAS) का उपयोग किया जाता है, और सीएमओ की यह जांच इसी प्रणाली की कार्यान्वयन की पड़ताल का हिस्सा मानी जा सकती है। यह सुनिश्चित करना महत्वपूर्ण है कि सभी निर्माण निर्धारित शहरी नियोजन और सुरक्षा मानकों का पालन करें, जैसा कि ABPAS प्रणाली के माध्यम से प्रयास किया जाता है।

शिव वाटिका के पीछे नई सड़क निर्माण को मिलेगी गति

वार्ड 39 के निवासियों की आवागमन संबंधी समस्या को ध्यान में रखते हुए, शिव वाटिका के पीछे एक नई सड़क के निर्माण की योजना को आगे बढ़ाया गया है। सीएमओ चक्रवर्ती ने बताया कि इस प्रस्तावित सड़क के लिए अनुमान-पत्र (एस्टीमेट) तैयार कर लिया गया है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इस प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने और जल्द से जल्द सड़क निर्माण कार्य शुरू करने का आश्वासन दिया। यह कदम क्षेत्र के निवासियों के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा प्रदान करेगा और दैनिक आवागमन को सुगम बनाएगा। सड़क निर्माण से न केवल स्थानीय निवासियों को लाभ होगा, बल्कि यह वार्ड के समग्र विकास में भी योगदान देगा।

स्ट्रीट लाइट और पेयजल व्यवस्था में सुधार के निर्देश

निरीक्षण के दौरान, बिजली और पेयजल आपूर्ति से संबंधित समस्याओं पर भी विशेष ध्यान दिया गया। सीएमओ वीरेंद्र चक्रवर्ती ने वार्ड में स्ट्रीट लाइटों की व्यवस्था का जायजा लेते हुए संबंधित अमले को निर्देश दिए कि वे सभी खंभों पर बंद पड़ी लाइटों को तुरंत चालू करें और आवश्यकतानुसार नई लाइटें भी स्थापित करें। इससे रात्रि के समय प्रकाश व्यवस्था सुधरेगी और सुरक्षा भी बढ़ेगी।

इसके अतिरिक्त, मातादीन का पूरा क्षेत्र में पेयजल आपूर्ति में आ रही तकनीकी खराबी का भी तत्काल जायजा लिया गया। यह पाया गया कि नई बिल्डिंगों के निर्माण कार्य के कारण जल आपूर्ति व्यवस्था प्रभावित हो रही थी। सीएमओ ने इस समस्या का शीघ्र समाधान करने और रहवासियों को सुचारू रूप से पेयजल उपलब्ध कराने के लिए अमले को निर्देशित किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि पेयजल जैसी बुनियादी आवश्यकता में किसी भी प्रकार की बाधा को स्वीकार नहीं किया जाएगा, और इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों को जवाबदेह ठहराया जाएगा।

बुनियादी सुविधाओं पर जीरो टॉलरेंस

सभी निरीक्षणों और प्राप्त सूचनाओं के आधार पर, मुख्य नगर पालिका अधिकारी वीरेंद्र चक्रवर्ती ने स्पष्ट किया कि आम जनता से जुड़ी बुनियादी सुविधाओं, जैसे कि बिजली, पानी और सड़कों के निर्माण या रखरखाव में किसी भी प्रकार की लापरवाही को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को सभी दिशा-निर्देशों का समयबद्ध तरीके से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि शहर के विकास कार्यों में गति आ सके और नागरिकों को बेहतर जीवन स्तर मिल सके। वीरेंद्र चक्रवर्ती की इस कार्रवाई से यह स्पष्ट संदेश जाता है कि नगर पालिका प्रशासन अब नागरिकों की समस्याओं के प्रति अधिक सजग और उत्तरदायी होगा। उनका यह निरीक्षण, जो कलेक्टर किरोड़ी लाल मीणा के व्यापक प्रशासनिक एजेंडे का हिस्सा है, शहर के विकास और सुशासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।