भिंड: गणेश विसर्जन में डूबे बच्चे, सीएम ने चार-चार लाख की मदद की घोषणा
भिंड जिले के कनावर गांव में गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान क्वारी नदी में डूबने से कई मासूम बच्चों की दर्दनाक मौत हो गई। मुख्यमंत्री...

भिण्ड | संवाददाता: दीपेंद्र बौहरे
द क्लिफ न्यूज़ | भिंड | 27 सितंबर 2026
मध्य प्रदेश के भिंड जिले के कनावर गांव में गणेश प्रतिमा विसर्जन के दौरान क्वारी नदी में डूबने से कई मासूम बच्चों की हृदयविदारक मौत हो गई। इस दुखद घटना ने पूरे क्षेत्र में मातम का माहौल पैदा कर दिया है, जहां त्यौहार की खुशियां गम में तब्दील हो गई हैं। ग्रामीणों और परिजनों के बीच कोहराम मचा हुआ है।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस की टीमें तत्काल हरकत में आ गईं। नदी में डूबे बच्चों की तलाश के लिए गोताखोरों की मदद से एक बड़े पैमाने पर बचाव अभियान चलाया गया। कड़ी मशक्कत के बाद स्थानीय प्रशासन और गोताखोरों की टीम कई बच्चों के शवों को नदी से बाहर निकालने में सफल रही।
विधायक ने किया घटनास्थल का दौरा, शोक संतप्त परिवारों को दी सांत्वना
भिंड के विधायक नरेंद्र सिंह कुशवाह ने इस दर्दनाक हादसे के तुरंत बाद घटनास्थल का दौरा किया। उन्होंने डूबे बच्चों के शोकाकुल परिवारों से मुलाकात की और उन्हें सांत्वना दी। विधायक ने पीड़ित परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और हर संभव सहायता का आश्वासन दिया।
मुख्यमंत्री ने चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता की घोषणा की
इस त्रासदी की गंभीरता को देखते हुए, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने भिंड के विधायक नरेंद्र सिंह कुशवाह से फोन पर विस्तृत चर्चा कर घटना की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने तत्काल घोषणा करते हुए कहा कि राज्य सरकार की ओर से प्रत्येक मृतक बच्चे के परिजन को चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने स्थानीय प्रशासन को पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद सुनिश्चित करने और सभी प्रशासनिक प्रक्रियाओं को त्वरित गति से पूरा करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने प्रभावित परिवारों को इस दुख की घड़ी में सरकार के साथ मजबूती से खड़े रहने का भरोसा दिलाया है।
इस हृदयविदारक घटना के बाद कनावर और आसपास के गांवों में गहरा सन्नाटा पसरा हुआ है। कई घरों में चूल्हे तक नहीं जले हैं और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और पीड़ितों को ढांढस बंधाने के प्रयास जारी हैं। पूरे जिले में इस घटना को लेकर शोक की लहर दौड़ गई है।
