बरेली में संचारी रोगों की रोकथाम पर स्वास्थ्य समिति की बैठक में मंथन
बरेली कलेक्ट्रेट में जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक में संचारी रोगों के नियंत्रण और स्वास्थ्य योजनाओं के क्रियान्वयन पर विस्तृत चर्चा हुई। अधिकारियों को...

बरेली उत्तर प्रदेश | संवाददाता: इज़हार आलम
द क्लिफ न्यूज़ | बरेली | 27 सितंबर 2026
बरेली के कलेक्ट्रेट सभागार में रविवार को जिला स्वास्थ्य समिति की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान की प्रगति और स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर गहनता से विचार-विमर्श किया गया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जनपद में संचारी रोगों की रोकथाम के लिए चलाए जा रहे प्रयासों को और अधिक सुदृढ़ बनाना तथा आमजन तक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करना था।
बैठक में संबंधित अधिकारियों से अभियान के तहत धरातल पर किए जा रहे कार्यों का बिंदुवार विवरण प्रस्तुत करने को कहा गया। स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में निरंतर सुधार लाने और जन-जागरूकता कार्यक्रमों को गति देने पर विशेष बल दिया गया। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि विभाग की समस्त योजनाओं का क्रियान्वयन निर्धारित समय-सीमा के भीतर प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण किया जाए।
स्वास्थ्य योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर
जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि विभिन्न संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना अत्यंत आवश्यक है, ताकि स्वास्थ्य लक्ष्यों की प्राप्ति में किसी भी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो। स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में निरंतर सुधार और अभियान की निगरानी व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त रखने पर भी जोर दिया गया।
जन-जागरूकता और रोग नियंत्रण अभियान
अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में कार्यों की नियमित समीक्षा करें और जहाँ भी कमियाँ या चुनौतियाँ सामने आती हैं, उनका तत्काल और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करें। शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप स्वास्थ्य कार्यक्रमों को आगे बढ़ाने और संचारी रोग नियंत्रण अभियान को सफल बनाने के लिए सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। बैठक के समापन पर स्वास्थ्य विभाग को पूरी सक्रियता और समर्पण के साथ कार्य करने के लिए प्रोत्साहित किया गया, ताकि जनमानस को संचारी रोगों के प्रकोप से सुरक्षित रखा जा सके और स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ समाज के अंतिम छोर तक पहुंच सके।
