बरेली में छह किलो अफीम संग तस्कर गिरफ्तार, गिरोह के खुलासे की उम्मीद
बरेली में पुलिस ने छह किलो से अधिक अफीम के साथ एक तस्कर को पकड़ा है। आरोपी ने झारखंड से अफीम लाकर बेचने वाले गिरोह...

बरेली उत्तर प्रदेश | संवाददाता: इज़हार आलम
द क्लिफ न्यूज़ | बरेली | 18 सितंबर 2026
बरेली पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई करते हुए सिसौना निवासी एक तस्कर को करीब छह किलोग्राम से अधिक अवैध अफीम और एक मोटरसाइकिल के साथ गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी थाना भमोरा पुलिस और एंटी नारकोटिक टास्क फोर्स (एएनटीएफ) की संयुक्त टीम द्वारा सत्रह सितंबर को की गई। इस सराहनीय कार्यवाही से स्थानीय प्रशासन की मादक पदार्थों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस नीति का एक बार फिर प्रदर्शन हुआ है।
इफको फैक्टरी के मटेरियल गेट के समीप संदिग्ध वाहनों की चेकिंग के दौरान पुलिस टीम ने विशाल नामक व्यक्ति को रोका। यह तलाशी एक नियमित सुरक्षा जांच का हिस्सा थी, जो शहर में आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से चलाई जा रही थी। तलाशी लेने पर पुलिस को उसके पास से छह किलो तीन सौ बीस ग्राम अफीम बरामद हुई, जिसकी कीमत बाजार में काफी अधिक बताई जा रही है। पुलिस ने आरोपी की हीरो होंडा पैशन प्रो मोटरसाइकिल भी जब्त कर ली है, जिसका इस्तेमाल वह संभवतः अपने अवैध धंधे के लिए करता था। पकड़े गए आरोपी के खिलाफ थाना भमोरा में एनडीपीएस एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा अपराध संख्या 387/26 दर्ज कर कानूनी कार्यवाही शुरू कर दी गई है।
पूछताछ में मादक पदार्थ गिरोह का खुलासा
प्राथमिक पूछताछ के दौरान, गिरफ्तार तस्कर विशाल ने पुलिस को चौंकाने वाले खुलासे किए। उसने स्वीकार किया कि वह अपने एक साथी के साथ मिलकर लंबे समय से अफीम बेचने का अवैध धंधा कर रहा था। यह गिरोह सक्रिय रूप से मादक पदार्थों के अवैध कारोबार में लिप्त था। उसने बताया कि उनका गिरोह झारखंड से अफीम की खेप मंगवाता था। झारखंड जैसे राज्यों से मादक पदार्थों की तस्करी एक गंभीर चिंता का विषय बनी हुई है, जिसे देखते हुए पुलिस इस एंगल पर भी विशेष ध्यान दे रही है।
विशाल के अनुसार, बरेली रेलवे स्टेशन पर उसका साथी झारखंड से आने वाले एक व्यक्ति से यह खेप खरीदता था। यह लेन-देन अक्सर सुनसान जगहों या ऐसे समय में किया जाता था ताकि पकड़े जाने का खतरा कम हो। इसके बाद दोनों मिलकर इस मादक पदार्थ को ऊंचे दामों पर बेचकर मुनाफा कमाते थे। यह खुलासा इस बात की ओर इशारा करता है कि बरेली में एक सुनियोजित मादक पदार्थ तस्करी नेटवर्क सक्रिय हो सकता है। पुलिस अब इस मामले में आगे की जांच कर रही है ताकि इस मादक पदार्थ तस्करी के नेटवर्क से जुड़े अन्य सदस्यों का पता लगाया जा सके और अफीम के स्रोत की गहराई से पड़ताल की जा सके। विशाल को आवश्यक विधिक प्रक्रिया पूरी करने के बाद न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेजा जा सकता है। यह कार्रवाई बरेली में मादक पदार्थों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, और पुलिस ने इस नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए कमर कस ली है।
